Adhik Mass Purnima 2020: अधिक मास पूर्णिमा 1 अक्टूबर को है। धार्मिक रूप से अधिक मास की पूर्णिमा का विशेष महत्व है। इस दिन भगवान श्री लक्ष्मी नारायण व्रत किया जाता है। मलमास की पू्र्णिमा के दिन पवित्र नदी या कुंड में स्नान और दान-पुण्य का महत्व है। पूर्णिमा वाले दिन चांद अपने पूरे आकार में होता है। यानी जिस दिन आकाश में चंद्रमा अपने पूरे आकार में दिखाई देता हो उस दिन पूर्णिमा होती है।
Adhik Mass Purnima 2020: अधिक पूर्णिमा आज, धन पाने के लिए करें ये 5 काम
भगवान गणेश प्रथम पूजनीय देव हैं। किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत से पहले गणेश जी की पूजा की जाती है। पूर्णिमा के पावन दिन गणेश जी की पूजा करें और उन्हें भोग भी लगाएं। गणेश जी को मोदक ओर और लड्डू प्रिय होते हैं।
शास्त्रों में इस बात का वर्णन है कि पूर्णिमा के दिन पीपल के वृक्ष में मां लक्ष्मी का आगमन होता है। इस दिन सुबह स्नान करने के बाद पीपल के पेड़ पर कुछ मीठा चढ़ाकर जल अर्पित करना चाहिए।
आर्थिक समस्याओं से छुटकारा पाने के लिए पूर्णिमा के दिन चंद्रोदय के समय चन्द्रमा को कच्चे दूध में चीनी और चावल मिलाकर "ॐ स्रां स्रीं स्रौं स: चन्द्रमासे नम:" मंत्र का जप करते हुए अर्ध्य देना चाहिए। ऐसा करने से धीरे धीरे आर्थिक समस्याएं खत्म हो जाती हैं।
पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्मी की प्रतिमा पर 11 कौड़ियां चढ़ाकर उन पर हल्दी से तिलक करें। अगले दिन इन कौड़ियों को एक लाल कपड़े में बांधकर वहां रख दे जहां आप अपना धन रखते हैं। ऐसा करने से घर में कभी भी धन की कमी नहीं रहेगी।