अमीनाबाद के लाला जुगल किशोर ज्वैलर्स एंड बैंकर्स की दुकान में चोरी का खुलासा पुलिस के लिए चुनौती था। इसके लिए पुलिस की दस टीमें लगी थीं। पुलिस को ई-रिक्शा व स्कूटी के बारे में जानकारी मिली। इसके सहारे वारदात का खुलासा हुआ। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने ज्वैलर्स की दुकान व पड़ोस की छत पर करीब 23 घंटे का समय बिताया था। चोरों ने पूछताछ के दौरान पुलिस के सामने कई राज उगले।
जुगल किशोर ज्वैलर्स में करोड़ों की चोरी के मामले में खुलासा, सर्राफ ने ही दिया था आइडिया, कहा था-आधा माल मैं रखूंगा
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पैदल निकले, दो जगह उतरे थे आरोपी
पुलिस के मुताबिक, आरोपी चोरी की वारदात को अंजाम देने के बाद दुकान के पीछे के रास्ते से निकले। वहां से सीधे मौलवीगंज तिराहे पर निकले। वहां से पैदल ही चल पड़े। नक्खास चौराहे पर पहुंचकर वहां ई-रिक्शा किया। ई-रिक्शा अकबरी गेट के लिए बुक किया था। पुलिस को यह सारी जानकारी सीसीटीवी फुटेज के जरिए मिली। अकबरी गेट के पास पहुंचे तो वहां एक युवक उतर गया। इसके बाद रिक्शा लेकर मेफेयर होते हुए सआदतगंज की तरफ निकल गए। वहीं किराए के मकान पर सारा सामान बोरे में ही बंद रखा। सभी ने आपस में तय किया कि सामान का बंटवारा बाद में किया जाएगा। दूसरे दिन समाचार पत्रों के जरिए पुलिस की सक्रियता के बारे में जानकारी हासिल हुई। इसके बाद सभी चुप हो गए। बंटवारे के लिए मामले को शांत होने का इंतजार कर रहे थे।
तीन रॉड के सहारे तिजोरी को घुमाया, फिर काटा
पूछताछ में चोरों ने कुबूल किया कि जब दो तिजोरियों को तोड़ने में असफल रहे तो तीसरी तिजोरी को खोलने की कोशिश कर रहे थे। इसमें भी असफल होते दिखे। तभी दो रॉड के जरिए तिजोरी को ऊपर उठाकर रॉड के सहारे घुमा दिया। इसके बाद पिछले हिस्से में छह स्थान पर कटिंग की। इसी रास्ते से हाथ डालकर चोरों ने एक-एक कर तिजोरी के तीन रैक को साफ कर दिया। सारा सामान बोरे में लगातार भरते रहे।
चोरों को खुद पता नहीं था कि यह कितने का सामान है और क्या- क्या सामान रख रहे हैं। वहीं शोकेस की दूसरी चाबी भी दुकान में एक ड्रॉ में रहती थी। वह चाबी उनके हाथ लग गई। चोरों ने चाबी से शोकेस खोल लिया। उसमें रखे हुए जेवरात भी साफ कर दिए। करीब 11.30 बजे वारदात को अंजाम देने के बाद जेवरात व नकदी बोरे में भरकर बाहर निकले।
राजधानी के एक सर्राफ ने दिया था आइडिया
पुलिस की पूछताछ में तीनों ने कबूल किया कि उनको इतनी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए राजधानी के एक सर्राफ ने प्रेरित किया था। उसी के कहने पर लाला जुगल किशोर ज्वैलर्स की दुकानों को निशाना बनाया था। कारोबारी ने वादा किया था कि जो भी सामान चोरी करके लाएंगे, उसका आधा माल वह ले लेगा। बाकी माल की मोटी कीमत भी देगा। इसी लालच में आकर तीनों ने योजना बनाकर वारदात को अंजाम दिया। पुलिस इस कारोबारी की तलाश में जुट गई है। फिलहाल वह फरार बताया जा रहा है।