नानपारा (बहराइच) नगर में ब्लॉक कार्यालय के सामने एक फोटोस्टेट की दुकान पर चल रहे एसडीएम और डीएसओ के फर्जी दफ्तर का खुलासा बुधवार को हुआ। ग्रामीणों के अभिलेखों पर एसडीएम और डीएसओ के फर्जी मुहर लगाकर आख्या और आदेश का अंकन हो रहा था।
पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने छापेमारी कर मौके से एसडीएम, डीएसओ के फर्जी स्टांप, एक लाख दस हजार रुपये, 12 से अधिक फाइलें, बैंक पासबुक, मनरेगा के अभिलेख बरामद किए हैं। (छापे के दौरान अल्मारी खंगालते अफसर।)
वहीं, दुकान संचालक श्यामबिहारी मौर्य मौके से भाग निकला। बरामद अभिलेख, नकदी और अधिकारियों के मुहरों को सीज कर दुकान सील कर दी गई है। नानपारा नगर क्षेत्र के कुछ लोगों ने डीएम अभय कुमार से शिकायत की थी कि फोटोस्टेट की दुकान में फर्जी तरीके से विभिन्न विभागों के अधिकारियों की रिपोर्ट लगाकर खेल खेला जा रहा है। जिलाधिकारी ने टीम बनाकर छापेमारी करने के निर्देश दिए।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. बलवंत सिंह, कृषि अधिकारी अश्विनी कुमार, बीडीओ चित्तौरा राजेश जायसवाल, उपायुक्त मनरेगा वीरेंद्र सिंह तथा पूर्ति निरीक्षक रूपेश जैन की टीम गठित की गई। (अल्मारी में रखी फाइल्स व कागज।)
टीम ने बुधवार दोपहर नानपारा पहुंचकर उपजिलाधिकारी अमिताभ यादव को मामले से अवगत कराया। इससे एसडीएम भी सकते में आ गए। उन्होंने तत्काल प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार की टीम भी बुलाई। इसके बाद अफसरों और पुलिस की टीम ने दुकान पर छापा मारा। (छापेमारी में फर्जी सील भी बरामद हुईं।)