योग को सिर्फ शरीर को लचीला बनाने या वजन कम करने वाली एक्सरसाइज के रूप में देखना सही नहीं है। नियमित योगाभ्यास शरीर के साथ-साथ मन और रोजमर्रा की जीवनशैली पर भी सकारात्मक प्रभाव डाल सकता है। यही वजह है कि योग शुरू करने वाले लोगों के मन में अक्सर एक सवाल रहता है कि आखिर योग का असर कितने दिनों में दिखना शुरू होता है? क्या कुछ दिनों तक आसन करने से फर्क महसूस होने लगता है या इसके लिए कई हफ्तों और महीनों तक अभ्यास करना पड़ता है?
योग टिप्स: योग शुरू करने के कितने दिन बाद दिखता है असर? जानें कब महसूस होंगे शरीर में बदलाव
Yog Tips: योग करते समय जल्दी परिणाम पाने की चिंता करने के बजाय नियमितता पर ध्यान दें। रोजाना 15 से 30 मिनट अपनी क्षमता के अनुसार योग करना एक अच्छी शुरुआत हो सकती है।
कुछ दिनों में महसूस हो सकता है शुरुआती बदलाव
अगर आप पहले बिल्कुल भी योग या व्यायाम नहीं करते थे और अब रोजाना हल्का योग शुरू करते हैं, तो कुछ दिनों के भीतर शरीर में कुछ छोटे बदलाव महसूस हो सकते हैं। सुबह उठने के बाद शरीर में हल्कापन, मांसपेशियों की जकड़न में कमी और दिनचर्या बेहतर महसूस होना ऐसे शुरुआती बदलाव हो सकते हैं।
हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि कुछ ही दिनों में शरीर पूरी तरह बदल जाएगा। योग का प्रभाव धीरे-धीरे और नियमित अभ्यास के साथ विकसित होता है।
शुरुआत में शरीर को नए आसनों और मूवमेंट की आदत डालने के लिए समय चाहिए होता है। इसलिए पहले कुछ दिनों में खुद पर ज्यादा दबाव डालने के बजाय आसान आसनों से शुरुआत करना बेहतर है।
2 से 4 हफ्तों में महसूस हो सकता है अधिक फर्क
नियमित रूप से योग करने पर कुछ लोगों को कुछ हफ्तों के बाद शरीर की लचक और मूवमेंट में सुधार महसूस हो सकता है। लंबे समय तक बैठने वाले लोगों को कंधे, गर्दन या शरीर की सामान्य जकड़न में भी बदलाव महसूस हो सकता है।
योग के साथ नियमित सांस लेने के अभ्यास और ध्यान को शामिल करने से मानसिक आराम और तनाव को संभालने में भी मदद मिल सकती है।
लेकिन यह जरूरी नहीं है कि हर व्यक्ति को बिल्कुल एक ही समय में एक जैसे परिणाम दिखाई दें। कुछ लोगों को जल्दी बदलाव महसूस हो सकता है, जबकि अन्य लोगों को अधिक समय लग सकता है।
1 से 3 महीने में नियमितता का असर ज्यादा स्पष्ट हो सकता है
अगर योग को नियमित रूप से किया जाए, तो एक से तीन महीने के दौरान शरीर की फिटनेस, संतुलन और लचीलेपन में अधिक स्पष्ट बदलाव महसूस हो सकता है।
इस दौरान व्यक्ति अपनी क्षमता के अनुसार योगासन की अवधि और कठिनाई को धीरे-धीरे बढ़ा सकता है। हालांकि कठिन आसन करने की जल्दी नहीं करनी चाहिए। योग का उद्देश्य शरीर को दर्द में डालना नहीं, बल्कि उसकी क्षमता के अनुसार धीरे-धीरे आगे बढ़ना है।
नियमित अभ्यास के साथ कुछ लोगों को अपनी दिनचर्या, नींद और ऊर्जा के स्तर में भी सकारात्मक बदलाव महसूस हो सकता है।
वजन कम करने के लिए योग का असर कब दिखता है?
अगर आप योग सिर्फ वजन कम करने के उद्देश्य से कर रहे हैं, तो यह समझना जरूरी है कि केवल कुछ योगासन करने से तेजी से वजन कम होने की गारंटी नहीं होती। वजन में बदलाव कई बातों पर निर्भर करता है। जैसे,
- खान-पान
- कुल शारीरिक गतिविधि
- नींद
- तनाव
- शरीर की जरूरतें
- मेटाबॉलिज्म
योग को संतुलित खान-पान और नियमित शारीरिक गतिविधि के साथ जोड़ने पर यह स्वस्थ जीवनशैली का अच्छा हिस्सा बन सकता है। वजन को लेकर केवल कुछ दिनों के परिणामों पर ध्यान देने के बजाय नियमित और लंबे समय तक चलने वाली आदतों पर फोकस करना बेहतर है।