Shardiya Navratri Day 5 Wishes: नवरात्रि की पंचमी तिथि को मां स्कंदमाता की पूजा होती है। हालांकि इस बार चतुर्थी तिथि दो दिन मनाई गई। ऐसे में 27 सितंबर को नवरात्रि की पंचमी तिथि मनाई जा रही है और मां स्कंदमाता की उपासना की जा रही है। स्कंदमाता पार्वती जी का स्वरूप हैं। भगवान कार्तिकेय को स्कंद देव के नाम से भी जाना जाता है। ऐसे में कार्तिकेय जी की माता पार्वती की पूजा मां स्कंदमाता के रूप में होती है।
Navratri Day 5 Wishes: मां स्कंदमाता की तस्वीर और चमत्कारी मंत्रों के साथ दें पंचम नवरात्रि की शुभकामना
मां स्कंदमाता का बीज मंत्र
ह्रीं क्लीं स्वमिन्यै नम: ।
मां स्कंदमाता का पूजन मंत्र
सिंहासनगता नित्यं पद्माश्रितकरद्वया।
शुभदास्तु सदा देवी स्कन्दमाता यशस्विनी॥
जय तेरी हो स्कंद माता।
पांचवां नाम तुम्हारा आता॥
सबके मन की जानन हारी।
जग जननी सबकी महतारी॥
तेरी जोत जलाता रहू मैं।
हरदम तुझे ध्याता रहू मै॥
कई नामों से तुझे पुकारा।
मुझे एक है तेरा सहारा॥
कही पहाडो पर है डेरा।
कई शहरों में तेरा बसेरा॥
हर मंदिर में तेरे नजारे।
गुण गाए तेरे भक्त प्यारे॥
भक्ति अपनी मुझे दिला दो।
शक्ति मेरी बिगड़ी बना दो॥
इंद्र आदि देवता मिल सारे।
करे पुकार तुम्हारे द्वारे॥
दुष्ट दैत्य जब चढ़ कर आए।
तू ही खंडा हाथ उठाए॥
दासों को सदा बचाने आयी।
भक्त की आस पुजाने आयी॥
नवरात्रि के पांचवे दिन का भोग
मान्यताओं की मानें तो मां स्कंदमाता को केले का भोग अर्पित करना अत्यंत शुभ माना जाता है, क्योंकि केला देवी को प्रिय फल है। ऐसे में इस दिन केले से बने विशेष फलाहारी पकवान बनाकर उन्हें भोग लगाना न केवल धार्मिक रूप से फलदायक होता है, बल्कि श्रद्धा और आस्था का प्रतीक भी होता है।