स्वस्थ शरीर के लिए स्वस्थ और पौष्टिक आहार के सेवन पर जोर दिया जाता रहा है। आमतौर पर माना जाता रहा है कि वजन को कंट्रोल रखने, ब्लड प्रेशर और हार्ट की समस्याओं के जोखिमों को कम करने के लिए आहार में फैट वाली चीजों की मात्रा कम से कम रखनी चाहिए। पर क्या आप जानते हैं कि बेहतर सेहत के लिए आपको आहार के माध्यम से कुछ प्रकार के फैट्स की भी आवश्यकता होती है। जिन दो फैट्स की सबसे ज्यादा चर्चा रही है सैचुरेटेड या अनसैचुरेटेड फैट उनमें से एक है।
Healthy Eating: सैचुरेटेड या अनसैचुरेटेड फैट कौन सा आपके लिए फायदेमंद? जानिए स्वस्थ शरीर के लिए कैसा रखें आहार
सैचुरेटेड फैट से रक्त वाहिकाओं को नुकसान
स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, सैचुरेटेड फैट का अधिक सेवन रक्त वाहिकाओं में वसा के जमाव का कारण बन सकते हैं, जिससे एथेरोस्क्लेरोसिस (धमनियों के सख्त होने) का जोखिम हो सकता है। इसके विपरीत, असंतृप्त वसा वाली चीजों को धमनियों को स्वस्थ रखने के लिए फायदेमंद माना जाता रहा है।
अनसैचुरेटेड फैट वाली चीजें मुख्यरूप से पौधों के स्रोतों (जैसे ऑलिव, एवोकाडो और नट्स) से प्राप्त होते हैं, जबकि अधिकांश मात्रा में संतृप्त वसा पशुओं के स्रोतों (जैसे रेड मीट, पोल्ट्री) से मिलता है।
आहार में कम रखें सैचुरेटेड फैट
अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन (एएचए) के विशेषज्ञों के अनुसार, संतृप्त वसा की मात्रा आपके दैनिक कैलोरी सेवन का 6% से कम होना चाहिए। डाइट में सैचुरेटेड फैट वाली चीजों के सेवन को सीमित करना आपके हृदय स्वास्थ्य में सुधार करने में सहायक हो सकता है।
अध्ययनों में पाया गया है कि अधिक मात्रा में सैचुरेटेड फैट वाली चीजों का सेवन एलडीएल यानी बैड कोलेस्ट्रॉल की मात्रा को बढ़ा सकती है जिससे हार्ट की समस्याओं के बढ़ने का खतरा रहता है।
इन चीजों का कम कर दें सेवन
आहार में सैचुरेटेड फैट वाली चीजों की मात्रा कम रखने के लिए पशुओं पर आधारित चीजों का सेवन कम से कम करना चाहिए। विशेषतौर पर रेड मीट वाली चीजें, मक्खन, आइसक्रीम और तली हुई चीजों की मात्रा आहार में कम रखकर आप शरीर को स्वस्थ रख सकते हैं। इसके अलावा आहार से संबंधित कुछ सुझावों को ध्यान में रखकर भी सैचुरेटेड फैट की मात्रा कम रखने और शरीर को कई प्रकार की बीमारियों से बचाने में मदद मिल सकती है।
- स्वस्थ वजन बनाए रखने के लिए आहार में कैलोरी की मात्रा को संतुलित करें।
- साबुत अनाज, लीन और पौधों पर आधारित प्रोटीन और विभिन्न प्रकार के फल-सब्जियां खाएं।
- नमक, चीनी, मांस, प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थ और शराब का सेवन कम से कम करें।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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