शरीर को स्वस्थ रखने और कई प्रकार की संक्रामक बीमारियों के खतरे को कम करने के लिए मजबूत प्रतिरक्षा प्रणाली की विशेष भूमिका होती है। इम्युनिटी सिस्टम को मजबूत बनाना एक सतत प्रक्रिया है, जिसका मतलब है कि आपको इसके लिए लगातार प्रयास करते रहने की आवश्यकता होती है। लाइफस्टाइल और आहार पर ध्यान रखकर प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाया जा सकता है। सभी लोगों को इम्युनिटी सिस्टम को ठीक रखने को लेकर विशेष ध्यान देते रहने की सलाह दी जाती है।
Immunity: कमजोर इम्युनिटी के कारण सिर्फ संक्रमण ही नहीं, इन रोगों का भी बढ़ जाता है जोखिम
इम्यून सिस्टम डिसऑर्डर की समस्या
जब हमारा इम्यून सिस्टम सही तरीके से काम नहीं कर रहा होता है तो इस स्थिति को इम्यून सिस्टम डिसऑर्डर कहा जाता है। इसके कई कारण हो सकते हैं जैसे जन्मजात कमजोर इम्युनिटी सिस्टम की समस्या, कोई ऐसी बीमारी जो आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को कमजोर कर दे या फिर जब आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली शरीर की ही स्वस्थ कोशिकाओं को क्षति पहुंचाने लगती है ( ऑटोइम्यून डिजीज)।
इम्यून सिस्टम डिसऑर्डर आपमें कई बीमारियों के खतरे को बढ़ाने वाली समस्या मानी जाती है।
डायबिटीज की जटिलताओं का खतरा
मधुमेह आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को प्रभावित करती है। हाई ब्लड शुगर का स्तर आपके शरीर में तनाव बढ़ाती है और आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली की श्वेत रक्त कोशिकाओं सहित लगभग सभी प्रणाली के लिए दिक्कतें बढ़ाने वाली हो सकती है। कमजोर प्रतिरक्षा की समस्या के कारण डायबिटीज का जोखिम भी बढ़ जाता है। यही कारण है कि डायबिटीज रोगियों में संक्रमण या घाव के ठीक होने में सामान्य से अधिक समय लग सकता है।
लिवर फेलियर का जोखिम
हेपेटाइटिस-बी जैसे संक्रमण को लिवर की सेहत के लिए गंभीर समस्याकारक माना जाता है। आमतौर पर ये सामान्य उपचार के माध्यम से ठीक भी हो जाती है हालांकि जिन लोगों में इम्युनिटी सिस्टम की समस्या होती है उनमें यह गंभीर समस्याकारक हो सकती है। ऐसे लोगों में लिवर फेलियर का जोखिम अन्य लोगों की तुलना में अधिक देखा जाता रहा है जोकि जानलेवा समस्या है।
निमोनिया और फेफड़ों की समस्या
सूक्ष्मजीवों के कारण होने वाला निमोनिया जो अक्सर स्वस्थ लोगों में गंभीर बीमारी का कारण नहीं बनता है, हालांकि इसके कारण प्रतिरक्षा प्रणाली कमजोरी वाले लोगों में रोग की जटिलताओं को बढ़ने का जोखिम अधिक देखा जाता रहा है। इसमें सांस लेने में तकलीफ, खांसी और बुखार सहित फेफड़ों में गंभीर संक्रमण विकसित होने का खतरा रहता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
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