आपने अभी तक टाइप 2 डायबिटीज के बारे में ही सुना होगा लेकिन इससे भी ज्यादा खतरनाक 'न्यू टाइप 1.5 डायबिटीज' है। इस बीमारी का आखिरी वक्त तक पता नहीं लग पाता है। एनएचएस के आंकड़े बताते हैं कि हर साल ब्रिटेन में 17 लाख से ज्यादा टाइप 2 डायबिटीज के मरीज अस्पतालों में भर्ती होते हैं। एक दिन में करीब 5 हजार टाइप 2 डायबिटीज के मरीज, अस्पतालों में भर्ती होते हैं। लेकिन इनमें से 10 फीसदी मरीज ऐसे होते हैं जिन्हें हुआ तो टाइप 2 डायबिटीज होता है लेकिन, असल में ये मरीज 'न्यू टाइप 1.5 डायबिटीज' से ग्रसित होते हैं। डॉक्टर भी शुरुआत में जिसका पता नहीं लगा पाते हैं। इस बीमारी से साल में साढ़े तीन लाख से ज्यादा मरीजों की जिंदगी खत्म हो जाती है। आइए जानते हैं क्या है यह नए तरह का डायबिटीज...
World diabetes day : टाइप 2 डायबिटीज से भी जानलेवा है मधुमेह की ये नई बीमारी
डायबिटीज की इस नई बीमारी को 'लेटेंट ऑटोइम्यून डायबिटीज ऑफ एडल्टहुड' नाम से भी जाना जाता है। इस बीमारी में आंखों में समस्या के साथ ही दिल संबंधी बीमारी भी साथ में ही हो जाती है। स्वीडन के अम्यो यूनिवर्सिटी में इस बीमारी पर शोध कर रहे प्रोफेसर अलोव रोलैंड्सन का कहना है कि यह बीमारी आखिरी वक्त तक समझ नहीं आती है, जिस वजह से कई बार इसके इलाज में लापरवाही भी सामने आ जाती है।
'लाडा' यानी की टाइप 1.5 डायबिटीज एक ऐसी स्थिति है जब मरीज को टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज साथ हो। ज्यादातर यह बीमारी वयस्क लोगों को ही होती है। इसके अलावा, डाइट और लाइफस्टाइल के खराब होने की वजह से भी यह बीमारी लोगों को अपना शिकार बना रही है। इस बीमारी में बीटा सेल्स काम करना बंद कर देते हैं। यह भी कहा जाता है कि जितने लोगों को डायबिटीज होती है उसमें 10 फीसदी लोग असल में 'लाडा' से ही ग्रसित होते हैं।
लक्षण
-टाइप 1.5 डायबिटीज में मरीज को प्यास ज्यादा लगती है।
-बार-बार पेशाब आती है। खासतौर पर रात में पेशाब की अधिकता बढ़ जाती है।
-बिना वजह तेजी से वजन घटने लग जाता है।
- आंखों की रोशनी कम हो जाती है और अचानक से सब धुंधला लगने लगता है।
डायबिटीज की यह बीमारी वयस्क लोगों को ही होती है। कई बार डॉक्टरों से भी इसे टाइप 2 डायबिटीज समझ लेने की भूल हो जाती है। यह बीमारी 40 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को होती है। 70 एवं 80 साल की उम्र में यह सबसे ज्यादा प्रभावित करती है। लेकिन स्वस्थ जीवनशैली और खानपान से इस बीमारी पर काबू पाया जा सकता है।