दुनियाभर में हृदय रोगों के कारण होने वाली मौतों का खतरा सबसे अधिक होता है। दिल का दौरा और स्ट्रोक दो अलग-अलग अंगों- हृदय और मस्तिष्क में होने वाली समस्याएं हैं, इसमें हाई ब्लड प्रेशर की समस्या को समानता के तौर पर देखा जाता है। यानी कि अगर आपका ब्लड प्रेशर अक्सर बढ़ा हुआ रहता है तो इसके कारण स्ट्रोक और हार्ट की बीमारियां होने का खतरा अधिक हो सकता है।
Health Tips: स्ट्रोक और हार्ट अटैक से बचाव के लिए विशेषज्ञों ने बताए उपाय, FAST और CAB फार्मूला बचाएगी जान
FAST से स्ट्रोक की समस्या में मिल सकता है लाभ
स्ट्रोक का खतरा किस भी उम्र के लोगों में हो सकता है। मस्तिष्क में रक्त का संचार कम होने के कारण स्ट्रोक का जोखिम होता है, इसे जानलेवा समस्या के तौर पर भी देखा जाता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बताया, इसके लिए BE FAST एक तरीका हो सकता है जो समय रहते स्ट्रोक के लक्षणों की पहचान करने और इसे ठीक करने में आपके लिए मददगार है।
स्ट्रोक की समस्या के समय रहते निदान के लिए इस फार्मूले को प्रयोग में लाने से मदद मिल सकती है।
- बी - बैलेंस यानी असंतुलित होना, लड़खड़ाना या पैर में कमजोरी होना
- ई - आई: एक या दोनों आंखों में धुंधलापन या दृष्टि की समस्या होने का खतरा।
- एफ - फेस: चेहरा झुका हुआ या लकवा जैसी समस्या।
- ए- आर्म: हाथ की कमजोरी महसूस होना।
- एस -स्पीक: बोलने में कठिनाई
- टी- टाइम, ऐसी समस्या होने पर रोगों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया जाना चाहिए।
हार्ट अटैक में CAB फार्मूले से मिलेगा लाभ
स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, हार्ट अटैक के आधे से ज्यादा रोगियों को बचाया जा सकता है, अगर उन्हें समय पर इलाज और सीपीआर मिल जाए। सीपीआर की मदद से हृदय में रक्त के संचार को बढ़ावा देने में लाभ मिल सकता है। CAB फार्मूले को जानना और इसे प्रयोग में लाना आपके लिए लाभकारी हो सकता है। मस्तिष्क तक रक्त पंप करने में मदद करने के लिए छाती के मध्य भाग पर एक मिनट में 100-120 पर दबाव डालें।
- सी- छाती को कंप्रेस करें।
- ए- वायुमार्ग के खोलने का प्रयास।
- बी- ब्रीद, सांस लेने में सहायता करें।
क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ?
डॉक्टर कहते हैं, हार्ट अटैक और स्ट्रोक दोनों गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हैं, जिसको लेकर लोगों को बेहद सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता है। सभी लोगों को इन दोनों उपायों के बारे में जानना चाहिए, जिससे रोगियों में समय रहते लक्षणों की पहचान और इसका इलाज किया जाना आसान हो सके।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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