फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कोरोना के बाद सामने आया बेहद खतरनाक फंगस, मचा सकता है काफी तबाही

Wed, 03 Feb 2021 04:54 PM IST
प्रकाश चंद जोशी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: प्रकाश चंद जोशी Updated Wed, 03 Feb 2021 04:54 PM IST
विज्ञापन
Extremely dangerous fungus came after Coronavirus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock

समय-समय पर दुनिया में कई ऐसी बीमारियां आती हैं, जो मानव जाति को डराकर रख देती है। बात मौजूदा समय की ही करें तो कोरोना वायरस महामारी से पूरी दुनिया जूझ रही है। बीते साल से शुरू हुआ ये वायरस अब भी हमारे बीच है। हालांकि, कोरोना को मात देने के लिए कई तरह की वैक्सीन बनकर तैयार हैं और लोगों को इनके टीके दिए जा रहे हैं ताकि लोगों को इस वायरस से बचाया जा सके। लेकिन इन सबके बीच एक ऐसा फंगस सामने आया है, जिससे वैज्ञानिक तक डरे हुए हैं। डर इसलिए भी क्योंकि कहा जा रहा है कि ये कोरोना से भी ज्यादा तबाही मचा सकता है। तो चलिए जानते हैं इस बारे में।

Extremely dangerous fungus came after Coronavirus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

दरअसल, कोरोना वायरस महामारी के बाद जिस फंगस से वैज्ञानिक भी डरा हुआ महसूस कर रहे हैं, उसका नाम है 'कैंडिला ऑरिस।' ये फंगस ब्लैक प्लेग फैलने की वजह से बन सकता है और इसे काफी खतरनाक माना जा रहा है। वैज्ञानिक मानते हैं कि ये कैंडिला ऑरिस फंगस इतना खतरनाक है कि ये कोरोना वायरस से भी बड़ी महामारी लाने में सक्षम है, क्योंकि ये बड़ी ही तेजी से फैल रहा है। ऐसे में वैज्ञानिकों द्वारा कही जा रही ये बात सभी के लिए काफी चिंता का विषय है, क्योंकि पहले से कोरोना की मर झेल रही दुनिया के लिए ये अच्छे संकेत बिल्कुल नहीं है।

Extremely dangerous fungus came after Coronavirus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

डिजीज कंट्रोल एंड प्रेवेंशन सेंटर के वैज्ञानिकों ने बताया कि कैंडिला ऑरिस अपने आप को बेहतर कर रहा है और यही नहीं इसके साथ ही ये अधिकतर एंटीफंगल दवाओं को भी बेअसर कर दे रहा है। सीडीसी से जुड़े वैज्ञानिकों ने बताया कि ये फंगस अस्पतालों में फैल गया तो फिर ये बेहद खतरनाक हो जाएगा। गौरतलब, है कि अस्पतालों में मरीजों की काफी संख्या होती है जो पहले से किसी ने किसी बीमारी से जूझ रहे होते हैं। ऐसे में इस फंगस का अस्पताल में फैलाने का मतलब है कि स्थिति का और भयावह होना।

विज्ञापन
विज्ञापन
Extremely dangerous fungus came after Coronavirus
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

साल 2009 में शोधकर्ताओं ने जापान में C.auris की खोज की थी। C.auris नाम लेटिन भाष का शब्द है। ये संक्रमण शरीर में कई जगहों पर हो सकता है। आमतौर पर इस फंगस के मरीजों को एंटीफंगल दवाओं से ठीक किया जाता रहा है। इस बीमारी का मुख्य कारण प्राकृतिक चीजों का अभास या फिर जलवायु परिवर्तन भी हो सकता है। ऐसे में हमें जरूरत है कि वैश्विक स्वास्थ्य व्यवस्था को सुधार जाए, क्योंकि कोरोना ने ये बात तो साफ कर दी कि अस्पतालों की व्यवस्था मौजूदा समय में कैसी है और भविष्य में कैसी होनी चाहिए।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed