फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

जूतों से भी फैल सकता है कोरोना संक्रमण, 5 दिन तक जिंदा रह सकता है वायरस: रिसर्च

Sun, 29 Mar 2020 11:05 AM IST
निलेश कुमार लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: निलेश कुमार Updated Sun, 29 Mar 2020 11:05 AM IST
विज्ञापन
coronavirus how long survive in surfaces shoes plastic stainless steel may spread covid 19
जूतों के माध्यम से भी कोरोना का संक्रमण फैल सकता है - फोटो : Pixabay

कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों से देश और दुनियाभर में लोग चिंतित हैं। हर दिन कोरोना पॉजिटिव के नए मामले सामने आ रहे हैं और इससे होने वाली मौतों का आंकड़ा भी हर दिन बढ़ रहा है। कोराना संक्रमण को रोकने क लिए लोगों से साफ-सफाई, सोशल डिस्टेंसिंग समेत तमाम तरह की सावधानियां बरतने की अपील की गई है। यहां तक कि बाजार से सामान लाने में भी सावधानी रखने की अपील की जा रही है। इस बीच एक रिसर्च में यह बात सामने आई है कि जूतों के माध्यम से भी कोरोना का संक्रमण फैल सकता है। आइए, जानते हैं इस बारे में:

coronavirus how long survive in surfaces shoes plastic stainless steel may spread covid 19

एक रिसर्च स्टडी में यह बात सामने आई है कि जूते का सोल भी बैक्टीरिया, फंगस और वायरस का वाहक बन सकता है। बताया जा रहा है कि जूतों के सोल में भी कोरोना वायरस पांच दिन तक जिंदा रह सकता है। डेली मेल की एक रिपोर्ट के मुताबिक वैज्ञानिकों का कहना है कि कोरोना वायरस जूते के सोल में पांच दिन तक जिंदा रहता है, खासकर ऐसे जूतों में जो सार्वजनिक व्यस्त क्षेत्रों जैसे सुपर मार्केट, ट्रांसपोर्ट या अस्पतालों जैसी जगहों में पहने गए हों। 

coronavirus how long survive in surfaces shoes plastic stainless steel may spread covid 19

अब समझना ये है कि वायरस जूतों के सोल तक पहुंचेगा कैसे! दरअसल यह तो हम सभी जानते हैं कि कोरोना संक्रमित व्यक्ति के छींकने या खांसने पर उसके मुंह से निकले ड्रॉपलेट्स यानी द्रव कण के जरिए वायरस फैलता है। उनके खांसने या छींकने से हवा में फैली ड्रॉपलेट्स जमीन पर गिरे या फिर जूतों की हील या फीतों पर, तो वायरस के संपर्क में आने से जूतों के सोल में भी वायरस आ सकता है। 

 

विज्ञापन
विज्ञापन
coronavirus how long survive in surfaces shoes plastic stainless steel may spread covid 19

मालूम हो कि जूते का सोल ड्यूरेबल सिंथेटिक मैटेरियल्स यानी रबर, पीवीसी और लैदर प्लास्टिक वगैरह के बने होते हैं। इन मैटेरियलों में से हवा, द्रव या नमी नहीं गुजर सकती है, इसलिए इनमें बैक्टीरिया या वायरस के रहने की संभावना रहती है। न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ मेडिसिन में प्रकाशित एक स्टडी में भी यह दावा किया गया है कि कोरोना वायरस कार्डबोर्ड में 24 घंटे जिंदा रहता है। हालांकि यह वातावरण के तापमान पर भी निर्भर करता है।

विज्ञापन
coronavirus how long survive in surfaces shoes plastic stainless steel may spread covid 19

इस स्टडी के मुताबिक प्लास्टिक और स्टेनलेस स्टील में कोरोना वायरस दो से तीन दिन तक जिंदा रहता है, जबकि जूते में इस्तेमाल होने वाले सिंथेटिक मैटेरियल में यह वायरस पांच दिन तक जिंदा रह सकता है। स्टडी के दावे को कंसास सिटी पब्लिक हेल्थ स्पेशलिस्ट कारोल और अन्य विशेषज्ञों का भी सपोर्ट मिला है। उनका कहना है कि सिंथेटिक मैटेरियल और प्लास्टिक के बने जूते एक्टिव वायरस को जिंदा रख सकते हैं। 

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed