हिन्दी सिनेमा में निरूपा रॉय को ऐसी अभिनेत्री के तौर पर याद किया जाता है जिन्होंने अपने किरदारों से मां के चरित्र को नया आयाम दिया। निरूपा रॉय को लोग 'बॉलीवुड की मां' के नाम से भी जानते हैं। चार जनवरी 1931 को गुजरात के बलसाड में जन्मी निरूपा रॉय का असली नाम कोकिला बेन था। निरूपा राय का 13 अक्टूबर 2004 को दिल का दौरा पड़ जाने के बाद मुंबई के एक अस्पताल में निधन हो गया था।
2 of 5
nirupa roy
- फोटो : Social Media
निरूपा राय ने 1946 में अपना फिल्मी जीवन गुजराती फिल्मों से शुरू किया। उनकी पहली फिल्म 'रणकदेवी' थी और फिर उन्होंने अपने पचास साल के करियर में लगभग पांच सौ फिल्मों में काम किया। निरूपा रॉय ने अपने करियर में जितनी भी फिल्में कीं उनमें से ज्यादातर में वो मां के किरदार में ही नजर आईं, लेकिन शायद लोग नहीं जानते कि निरूपा रॉय ने एक-दो नहीं बल्कि 16 फिल्मों में देवी का किरदार निभाया था और एक फिल्म में बोल्ड सीन भी दिया था।
3 of 5
nirupa roy
- फोटो : Social Media
निरूपा रॉय ने देवी के किरदार में इस कदर छाप छोड़ी कि लोग उन्हें सचमुच की देवी मानने लगे थे। नौबत तो यहां तक आ गई थी कि लोग उनके घर जाकर उनके पैर छूते और भजन गाते थे। उन्हें खासतौर पर सीता और पार्वती की भूमिकाओं में बहुत सराहा गया। 'मुनीम जी' से उन्होंने मां की भूमिकाएं करना शुरू कीं। इस फिल्म में वह अपने से बड़ी उम्र के देवानंद की मां बनीं थीं।
4 of 5
nirupa roy
- फोटो : Social Media
50 के उस दशक में निरूपा रॉय को धार्मिक फिल्मों की रानी माना जाता था। एक्टर त्रिलोक कपूर के साथ उन्होंने दर्जनों धार्मिक फिल्में कीं। त्रिलोक कपूर के साथ इनकी जोड़ी सबसे ज्यादा हिट रही। उनको साल 2004 में लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।
ये भी पढ़ें- किशोर कुमार ने की थी चार शादियां, जानिए अब कहां हैं और क्या करती हैं उनकी पत्नियां?
5 of 5
nirupa roy
- फोटो : social media
निरूपा रॉय ने अमिताभ बच्चन से लेकर शशि कपूर, जितेंद्र जैसे एक्टर्स की मां का रोल प्ले किया और उन किरदारों को लोग आज भी याद करते हैं। दर्शकों ने उन्हें 'दीवार', 'खून पसीना', 'मर्द' और 'अमर, अकबर एंथनी' में अमिताभ बच्चन की मां के रूप में खूब पसंद किया। निरूपा रॉय की एक इच्छा थी कि वह फिल्म में किसी पागल महिला का रोल करें लेकिन उससे पहले ही वो चल बसीं।