फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

दिल्ली हादसे में खुलासा: छात्रों ने बेसमेंट की खोदाई से पहले चेताया था, न PG खाली कराया और न सुरक्षा के इंतजाम

Mon, 07 Sep 2026 02:37 PM IST
Sharukh Khan अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: Sharukh Khan Updated Mon, 07 Sep 2026 02:37 PM IST
सार

दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में 30 साल पुरानी पांच मंजिला इमारत भरभराकर ढह गई। हॉस्टल डेज नाम की इस इमारत में छात्रों का पीजी हॉस्टल संचालित हो रहा था। बताया जा रहा है कि छात्रों ने बेसमेंट की खोदाई से पहले ही मालिक को चेताया था, लेकिन न पीजी खाली कराया गया और न ही सुरक्षा के इंतजाम किए गए।

विज्ञापन
Delhi Building Collapse students also raise questions about work being carried out in basement Before accident
delhi building collapse - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
राजधानी दिल्ली के सत्य निकेतन में पीजी की इमारत गिरने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। छात्रों के लिए मौत का घर बनी पांच मंजिला इमारत के बेसमेंट में पिछले तीन दिनों से निर्माण कार्य चल रहा था। लगातार बारिश के बीच जर्जर इमारत को खाली कराए बिना बेसमेंट में भराव और मरम्मत का काम कराया जा रहा था। न निर्माण के दौरान सुरक्षा के इंतजाम किए गए और न ही भवन की संरचनात्मक मजबूती की जांच कराई गई। आखिरकार कमजोर इमारत निर्माण का दबाव नहीं झेल सकी और भरभराकर ढह गई।
Delhi Building Collapse students also raise questions about work being carried out in basement Before accident
दिल्ली में इमारत गिरी, बचाव कार्य जारी - फोटो : अमर उजाला
स्थानीय लोगों का  कहना है कि हादसे से पहले छात्रों ने भी बेसमेंट में चल रहे काम पर सवाल उठाए थे। उनका कहना था कि लगातार बारिश हो रही है, ऐसे में बेसमेंट की मरम्मत और भराव का काम मौसम साफ होने के बाद कराया जाना चाहिए।
Delhi Building Collapse students also raise questions about work being carried out in basement Before accident
दिल्ली में इमारत गिरी, बचाव कार्य जारी - फोटो : अमर उजाला
आरोप है कि संचालक ने चेतावनी को गंभीरता से नहीं लिया। बताया जा रहा है कि बेसमेंट में भराव पूरा होने के बाद वहां दुकान खोलने की योजना थी। सबसे गंभीर सवाल यह है कि जब इमारत पहले से जर्जर थी तो उसे खाली कराए बिना उसके बेसमेंट में निर्माण क्यों शुरू कराया गया?
विज्ञापन
विज्ञापन
Delhi Building Collapse students also raise questions about work being carried out in basement Before accident
दिल्ली में इमारत गिरी, बचाव कार्य जारी - फोटो : अमर उजाला
बेसमेंट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले भवन की संरचनात्मक सुरक्षा का आकलन भी नहीं कराया गया। बारिश के दौरान बेसमेंट में निर्माण ने पहले से कमजोर ढांचे पर अतिरिक्त दबाव डाल दिया।
विज्ञापन
Delhi Building Collapse students also raise questions about work being carried out in basement Before accident
दिल्ली में इमारत गिरी, बचाव कार्य जारी - फोटो : अमर उजाला
रिफ्यूजी कैंप बना तो 90 गज में मकान बने...अब 90 गज में पांच-छह मंजिला इमारतें
स्थानीय निवासियों के अनुसार सत्य निकेतन में मूल रूप से छोटे-छोटे मकान थे। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के समय यहां रिफ्यूजी कैंप बसाया गया था और करीब 90 गज में मकान बनाए गए थे। मैत्रेयी कॉलेज की स्थापना और दिल्ली विश्वविद्यालय के साउथ कैंपस के इस क्षेत्र में स्थानांतरित होने के बाद इलाके का तेजी से विस्तार हुआ। पुराने रिहायशी मकानों में पीजी और हॉस्टल खुलने लगे।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed