सरकारी अस्पताल के डॉक्टर मनाते रहे छुट्टी, स्ट्रेचर पर कराहते रहे मरीज
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दिल्ली में रेजिडेंट डॉक्टरों की संस्था फेडरेशन ऑफ रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (फोरडा) की पहल पर बृहस्पतिवार को दिल्ली सरकार के लगभग सभी अस्पताल और केंद्र सरकार के लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज अस्पताल, राम मनोहर लोहिया और सफदरजंग में चिकित्सा सेवा प्रभावित हुई। रेजिडेंट डॉक्टर सुबह नौ से शाम चार बजे तक छुट्टी पर रहे। इसके बाद काम पर लौट आए।दिल्ली सरकार के लोकनायक, जीटीबी, बाबा साहब भीमराव अंबेडकर, दीनदयाल उपाध्याय, सत्यवादी राजा हरिश्चंद्र, दादा देव मातृ एवं शिशु चिकित्सालय के अलावा कई अन्य अस्पतालों में भी ओपीडी सेवाएं प्रभावित हुईं। कई अस्पतालों में मरीजों को यह कहते हुए गेट से ही लौटाया जा रहा था कि चिकित्सक हड़ताल पर हैं। इसके बाद भी जो मरीज पंजीकरण काउंटर पर जा रहे थे, उनका पंजीकरण हो रहा था और इलाज के लिए ओपीडी भी भेजा जा रहा था।
पटेल नगर के मोतीलाल इलाज के लिए राम मनोहर लोहिया अस्पताल पहुंचे थे, लेकिन उनका पंजीकरण नहीं हो पाया। वे अस्पताल में इंतजार कर रहे थे। उन्होंने बताया कि बेटा पंजीकरण कराने गया है, लेकिन अभी नहीं आया। ऐसे ही हालात दिल्ली के कई अस्पतालों में देखने को मिले। कुछ अस्पतालों में देखा गया कि ओपीडी में इलाज में हो रही देरी की वजह से मरीज आपातकालीन विभाग पहुंच रहे थे, लेकिन वहां से चिकित्सक मरीजों को वापस ओपीडी में भेज देते थे।