दिल्ली की एक विशेष अदालत ने आतंकी फंडिंग के मामले में दोषी करार यासीन मलिक को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही दस लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। यासीन मलिक घाटी के उन अलगाववादी में से एक है, जिसने यहां के युवाओं को बरगलाकर आतंकवाद में झोंकने में कोई कसर नहीं छोड़ी। यासीन की फितरत सामने से सफेदपोश और अंदर से आतंक परस्त की रही थी। लेकिन उसका ये फरेब अदालत से छिप नहीं पाया।
Yasin Malik: बाहर से सफेदपोश और अंदर से आतंक परस्त यासीन मलिक, उस दिन जमकर पीटा गया था, पढ़ें- 2015 का ये किस्सा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Wed, 25 May 2022 06:34 PM IST
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