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42 साल बाद OROP की घोषणा पर निकला दर्द, रो पड़ी आंखें

Sun, 06 Sep 2015 09:59 PM IST
Updated Sun, 06 Sep 2015 09:59 PM IST
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42 साल बाद OROP की घोषणा पर निकला दर्द, रो पड़ी आंखें

after 42 years PM announced OROP than eyes cried

42 साल के लंबे इंतजार के बाद प्रधानमंत्री ने वन रैंक वन पेंशन की घोषणा की तो पूर्व पूर्व सैनिक के परिवार की आंखें बह निकली और उनका दर्द सामने आ गया।


42 साल बाद OROP की घोषणा पर निकला दर्द, रो पड़ी आंखें

after 42 years PM announced OROP than eyes cried

वन रैंक वन पेंशन लागू होने के बाद पूर्व सैनिकों में भारी उत्साह है। शनिवार को इसे लेकर जो थोड़ा बहुत संदेह था वह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपनी फरीदाबाद की जनसभा में उसे दूर कर दिया।

42 साल बाद OROP की घोषणा पर निकला दर्द, रो पड़ी आंखें

after 42 years PM announced OROP than eyes cried

हालांकि अभी भी कुछ लोगों का यह कहना है कि केंद्र सरकार ने आधे मन से इसे लागू किया है। वन रैंक वन पेंशन को लेकर सैनिकों के गांव के नाम से मशहूर भोंडसी में खूब उत्साह है।

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42 साल बाद OROP की घोषणा पर निकला दर्द, रो पड़ी आंखें

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गुड़गांव के पूर्व सैनिकों ने कहा कि कई वर्षों बाद उन्हें न्याय मिला है। इसके लिए इन सभी ने केंद्र सरकार को धन्यवाद दिया है। वीआरएस को लेकर शनिवार तक आशंकित पूर्व सैनिकों को रविवार को मोदी के भाषण के बाद राहत मिली।

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गांव भोंडसी के पूर्व सैनिक रामपाल का कहना है कि वन रैंक वन पेंशन का मुद्दा सिर्फ पैसे की बात नहीं थी। यह पूर्व सैनिकों के आत्मसम्मान के साथ भी जुड़ा हुआ था।

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