शनिवार देर रात को उत्तराखंड के रुड़की के घर में बदमाशों के कहर बरपाने की दास्तां छत पर तक फैले खून के छींटें साफ बयान कर रहे थे। घर के सभी कमरों से लेकर आंगन तक खून फैला था। दीवारों से लेकर छतों पर खून के हर तरफ छींटें थे। फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट टीम ने दीवार और जमीन पर लगे खून के प्रिंट लिए।
पीड़ित परिवार ने बताया कि बदमाशों ने मारपीट के बाद कमरों के अंदर फैले खून को साफ करने का प्रयास किया। बदमाश खून को साफ करने के लिए बाहर से एक बाल्टी में पानी भरकर लेकर आए थे और एक कपड़े से अलमारी, दरवाजों पर लगे खून को साफ करने लगे। खून साफ करने के बाद बदमाशों ने इधर-उधर जहां अपने हाथ लगाए थे, वहां भी कपड़े से साफ किया।
पीड़ित परिवार ने पुलिस अधिकारियों को बताया कि आठ से दस बदमाशों में से चार-पांच बदमाशों ने सिर्फ कच्छा और बनियान ही पहना हुआ था। जबकि, अन्य बदमाशों ने पूरे कपड़े पहने थे। साथ ही सभी के हाथों में लाठी और डंडे थे। बदमाशों ने चेहरे पर कपड़ा बांधा था। बदमाश वारदात के दौरान एक-दूसरे का नाम नहीं ले रहे थे बल्कि इशारा कर एक-दूसरे को जानकारी दे रहे थे।
बदमाशों को कहर बरपाते देख महिलाओं ने उनके आगे हाथ जोड़कर छोड़ने की गुजारिश की। इस बीच बदमाशों ने अर्जुन पर डंडे से हमला किया तो पत्नी रूबी उनके आगे हाथ जोड़कर खड़ी हो गई। रूबी ने हाथ जोड़ते हुए बदमाशों से घर से सब कुछ ले जाने की बात कही। इसके बाद बदमाशों ने अर्जुन को छोड़ दिया।
एक घंटे तक परिवार पर कहर बरपाने के बाद बदमाश जाते-जाते रसोई से दूध से भरा डिब्बा उठाकर ले गए। इतना ही नहीं बदमाशों ने रसोई में एक बर्तन में रखी कढ़ी को जमीन पर फेंक दिया। इससे पूर्व बदमाशों ने कमरों के साथ-साथ रसोई को भी पूरी तरह खंगाला और खाने-पीने की चीज भी देखीं।