बद्रीनाथ धाम के पुरोहितों के गांव पाली (कोटियालों की) में सोमवार रात कीचन में रखे तीन एलपीजी सिलेंडर फटने से पूरे गांव में अफरातफरी मच गई।
गनीमत रही कि घटना के घर मौजूद एकमात्र महिला बनाने के बाद दूसरे कमरे में टीवी देख रही थी। विस्फोट की ध्वनि इतनी तेज थी कि दूर-दराज के इलाकों तक आवाज सुनाई दी। विस्फोट से रसोई घर की छत और दीवारें उड़ गई। तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया।
तब तक किचन में रखा सारा सामान आग में खाक हो गया। जानकारी के अनुसार, सोमवार रात लगभग 8 बजे पाली गांव के तीर्थपुरोहित भगवती प्रसाद कोटियाल घर मे रखे तीन सिलेंडरों पर आग लगने के बाद विस्फोट हुए। कोटियाल इन दिनों बदरीनाथ गए हुए हैं।
घर में उनकी पत्नी रजनी देवी और उनका बेटा संदीप हैं। रजनी देवी का सोमवार को एकादशी का व्रत था। इस वजह से उन्होंने संदीप के लिए शाम 5 बजे खाना बना दिया था। उनका बेटा शाम 6 बजे के करीब अपना टिफिन लेकर 108 की रात्रि ड्यूटी पर चला गया।
रात अचानक 8 बजे के करीब रजनी के देवर के लड़के अखिलेश ने कीचन से आग की लपटों को देखकर हल्ला मचाया। जिस पर सभी लोग अपने-अपने घरों से बाहर आ गए। रजनी देवी ने जब यह मंजर देखा तो वह किचन में रखे सिलेंडरों को बाहर निकलने जाने लगी।