टीम इंडिया को दक्षिण अफ्रीका दौरे पर टेस्ट सीरीज में 1-2 की शिकस्त झेलनी पड़ी थी। इसके बाद उसने वन-डे और टी20 इंटरनेशनल सीरीज में दमदार प्रदर्शन किया। शिखर धवन को एक मैच में फ्लॉप होने की वजह से सिलेक्टर्स ने टेस्ट सीरीज में बाहर बैठा दिया था। हालांकि, उन्होंने सीमित ओवर प्रारूप में वापसी करते हुए मूल्यवान रन बनाए, लेकिन बढ़िया शुरुआत को शतक में तब्दील करने में सफल नहीं हुए।
सुनील गावस्कर ने टाइम्स ऑफ इंडिया में लिखे अपने कॉलम में लिखा है कि टीम इंडिया में ठहरने के लिए शिखर धवन को बड़े स्कोर बनाना जरूरी है। उन्होंने लिखा, 'धवन को बाहर क्यों बैठाया, रोहित को क्यों नहीं? दक्षिण अफ्रीका में रोहित ने धवन से ज्यादा मैच खेले। एक भी बार इस पर बात नहीं हुई कि शर्मा को बाहर करना चाहिए, लेकिन जब भी किसी को बाहर करने की बात आती है तो धवन इस लिस्ट में टॉप पर होते हैं।'
गावस्कर ने आगे लिखा, 'इसलिए धवन को समझना होगा कि 70 या 80 रन बनाने से उनकी जगह टीम इंडिया में सुरक्षित नहीं रहेगी। शतक से उनका भला होगा। आप विराट कोहली को देखिए, वह शायद ही कोई जोखिमभरा शॉट खेलते हैं, लेकिन शतक बनाने में कामयाब होते हैं।' धवन अपनी आक्रमकता के कारण टीम को अच्छी शुरुआत दिलाने में कामयाब जरूर हुए, लेकिन वह बड़ा स्कोर बनाने में सफल नहीं हुए।
गावस्कर ने अपने कॉलम में लिखा, 'धवन को यह तय करना होगा कि रिस्की शॉट नहीं खेले और शतक जमाए। उनके रन बनाने की तकनीक शानदार है, लेकिन उन्हें अपने शतकों में बढ़ोतरी करना होगी ताकि उन्हें कोई आसानी से बाहर नहीं करे।' टीम इंडिया को अब 6 मार्च से श्रीलंका में निदाहास ट्रॉफी खेलना है।
इस बारे में गावस्कर का मानना है कि युवाओं के पास अपनी प्रतिभा दिखाने का शानदार मौका है। उनका साथ ही मानना है कि सुरेश रैना और दिनेश कार्तिक के पास अपनी उपयोगिता साबित करने के लिए टी20 ट्राई सीरीज आदर्श प्लेटफॉर्म है। बकौल गावस्कर, 'युवाओं के लिए शानदार मौका है और सुरेश रैना व दिनेश कार्तिक के पास अपने आप को साबित करने का बेहतरीन अवसर है।'