टीम इंडिया के ओपनर रोहित शर्मा ने रविवार को न्यूजीलैंड के खिलाफ तीसरे व अंतिम वन-डे में शानदार शतक जमाकर फॉर्म में जबर्दस्त वापसी की। दाएं हाथ के बल्लेबाज ने 138 गेंदों में 18 चौको और दो छक्को की मदद से 147 रन बनाए। रोहित ने इस दौरान कई कीर्तिमान स्थापित किए। उन्होंने अपने वन-डे करियर का 15वां शतक जमाया।
रोहित शर्मा के तीसरे वन-डे में रिकॉर्ड शतक के पीछे इनका था बड़ा हाथ
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
30 वर्षीय रोहित ने वनडे क्रिकेट में 150 छक्के पूरे किए। वह सबसे तेजी से 150 छक्के पूरे करने के मामले में पाकिस्तानी बल्लेबाज शाहिद अफरीदी से पांच पारी पीछे रह गए। अफरीदी ने अपनी 160वीं पारी में ये मुकाम हासिल किया था वहीं रोहित 165वीं पारी में ये कारनामा कर सके हैं। रोहित वन-डे में 150 या उससे अधिक छक्के जड़ने वाले भारत के पांचवें बल्लेबाज हैं। उनसे पहले सचिन तेंदुलकर ने 343 वीं, सौरव गांगुली 226 वीं , युवराज सिंह ने 270 वीं और महेंद्र सिंह धोनी ने 192 वीं पारी में ये उपलब्धि हासिल की थी। इस तरह रोहित ने धोनी के सबसे जल्दी 150 छक्के जड़ने के रिकॉर्ड को तोड़ दिया।
रोहित ने साल 2017 में वनडे क्रिकेट में अपने 1 हजार रन पूरे किए। वह विराट कोहली के अलावा विश्व में ऐसा करने वाले दूसरे बल्लेबाज हैं। रोहित का साल 2017 में पांचवां शतक है। रोहित शर्मा और कानपुर के ग्रीन पार्क स्टेडियम का 150 का बेहद अनोखा कनेक्शन है। साल 2015 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ इसी मैदान पर रोहित ने 150 रन की पारी खेली थी और आज इसी मैदान पर वनडे करियर में 150 छक्के भी पूरे किए। रोहित 3 रन के अंतर से 150 रन बनाने से चूके गए। अगर वह 150 रन के आंकड़े को पार कर जाते तो ये एक अनोखा संयोग हो जाता। लेकिन इस दौरान रोहित ने वो कारनामा कर दिखाया जो सचिन और विराट अब तक नहीं कर सके। वह कानपुर में दो शतक जड़ने वाले पहले भारतीय हैं।
रोहित ने मैच के बाद अपने रिकॉर्ड शतक का एक बड़ा राज खोला। उन्होंने कहा, 'मैंने पिछले मैच का विश्लेषण देखा, जिसमें वो कह रहे थे कि मेरा सिर नीचे सही जगह नहीं आ रहा है। मैंने नेट्स पर इसमें सुधार किया, जिससे मुझे मैच में मदद मिली। मेरा सिर नीचे सही जगह जा रहा था और गेंद की लाइन में आ रहा था। आप जितना जल्दी सीखते हैं उतना बेहतर होते जाते हैं।'
रोहित ने सांकेतिक रूप से विश्लेषकों या कमेंटेटर को अपने रिकॉर्ड शतक का श्रेय दिया। 'हिटमैन' के नाम से मशहूर रोहित पहले दो मैचों में सफल नहीं हुए थे। वो पहले व दूसरे मैच में क्रमशः 20 और 7 रन की पारी ही खेल सके थे। इसके बाद रोहित ने विश्लेषण देहा और अपनी बल्लेबाजी का वीडियो भी देखा। इससे उन्हें अपनी गलती पता चली और तीसरे मैच में उन्होंने फिर बेहतरीन वापसी की।