टीम इंडिया और न्यूजीलैंड के बीच 3 मैचों की वन-डे सीरीज 22 अक्टूबर से शुरू हो रही है। पहला वन-डे मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेला जाएगा। आईसीसी वन-डे रैंकिंग में दूसरे नंबर पर काबिज टीम इंडिया का इरादा पांचवे स्थान वाली न्यूजीलैंड का 3-0 से क्लीन स्वीप करके शीर्ष स्थान पर पहुंचने का होगा। दोनों देशों के बीच अधिकांश कांटे की टक्कर देखने को मिली है। इसी को ध्यान में रखकर हम आपके सामने वन-डे इतिहास में भारत और कीवी टीम के बीच खेले गए 5 सबसे रोमांचक मुकाबलों की याद ताजा कराने जा रहे हैं:
बेंसन एंड हेजेस वर्ल्ड सीरीज कप 1980-81, भारत 5 रन से जीता
मॉडर्न डे क्रिकेट में कोई टीम 162 रन बनाकर मैच जीतने का दम नहीं रखती। हालांकि, 80 और 90 के दशक में कहानी अलग थी। टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी की, लेकिन वो 162 रन पर ऑलआउट हो गई। महान सुनील गावस्कर और कपिल देव बिना खाता खोले आउट हुए जबकि संदीप पाटिल टीम के सर्वश्रेष्ठ स्कोरर रहे। उन्होंने 39 रन बनाए। जवाब में कीवी टीम के बल्लेबाजों ने रॉजर बिन्नी (4 विकेट) के सामने घुटने टेक दिए। रिचर्ड हेडली (20) और लांस कैर्न्स (26) ने कुछ संघर्ष जरूर किया, लेकिन इसके बावजूद टीम 157 रन पर ऑलआउट हो गई। भारत ने 5 रन से मैच जीता। मैच में ऑलराउंड प्रदर्शन करने वाले रिचर्ड हेडली (5 विकेट और 20 रन) को मैन ऑफ द मैच चुना गया।
11 जनवरी 2003, ऑकलैंड, छठा वन-डे, भारत 1 विकेट से जीता
न्यूजीलैंड की टीम पहले ही सीरीज पर 4-1 से कब्जा कर चुकी थी और वो इस अंतर को बढ़ाने के लिए तैयार थी। भारतीय कप्तान सौरव गांगुली ने टॉस जीतकर गेंदबाजी का फैसला किया। कीवी टीम ने लू विंसेंट (53) की पारी की मदद से 199 रन बनाए। इस मुकाबले का रोमांच बढ़ा, जब भारत ने लक्ष्य का पीछा करना शुरू किया। ओपनर वीरेंद्र सहवाग (112) तेजतर्रार शतक जमाकर आउट हुए। मगर अन्य बल्लेबाज जल्दी-जल्दी पवेलियन लौटे। भारत का स्कोर 198/5 था। तब मैच कोई भी जीत सकता था। क्रीज पर मौजूद जवागल श्रीनाथ ने लेग बाय का एक रन लिया। फिर आशीष नेहरा ने एक रन लेकर टीम को रोमांचक जीत दिलाई।139 गेंदों में 11 चौको और तीन छक्को कि मदद से शतकीय पारी खेलने वाले सहवाग को मैन ऑफ द मैच चुना गया।
20 अक्टूबर 2016, दिल्ली, दूसरा वन-डे, न्यूजीलैंड 6 रन से जीता
एमएस धोनी ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। उमेश यादव ने मार्टिन गप्टिल को खाता भी नहीं खोलने दिया और पवेलियन भेज दिया। हालांकि, कप्तान केन विलियमसन (118 रन, 128 गेंदे, 14 चौके, 1 छक्का) ने शतक जमाकर टीम को 242/9 के सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। बुमराह और अमित मिश्रा ने तीन-तीन विकेट लिए। फिर टिम साउदी (3 विकेट) और ट्रेंट बोल्ट व मार्टिन गप्टिल क्रमशः दो-दो विकेट की मदद से कीवी टीम ने भारत को 236 रन पर ऑलआउट कर दिया। कीवी कप्तान केन विलियमसन को मैन ऑफ द मैच चुना गया।
12 जनवरी 1999, नेपियर, भारत दो विकेट से जीता
टीम इंडिया के कप्तान मोहम्मद अजहरुद्दीन ने टॉस जीतकर गेंदबाजी का फैसला किया। सचिन तेंदुलकर (3 विकेट) की शानदार गेंदबाजी की मदद से न्यूजीलैंड को 213 रन पर समेट दिया। कीवी ओपनर मैट हॉर्न (61) ने उम्दा पारी खेली। हालांकि, लक्ष्य का पीछा करने उतरी टीम इंडिया ने भी नियमित अंतराल में विकेट गंवाए। नयन मोंगिया ने 32 गेंदों में 1 चौके की मदद से नाबाद 30 रन की मैच विजयी पारी खेली। मोंगिया की पारी की मदद से टीम इंडिया ने सिर्फ एक गेंद शेष रहते 2 विकेट से मैच जीता।