{"_id":"6aedb0b439557dc796036d14","slug":"abhishek-nayar-on-virat-kohli-s-100-international-centuries-before-2027-odi-world-cup-2026-11-06","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"अभिषेक नायर की भविष्यवाणी!: बताया- कोहली 2027 विश्वकप तक 100 शतक पूरे कर पाएंगे या नहीं? वजह का भी किया खुलासा","category":{"title":"Cricket","title_hn":"क्रिकेट","slug":"cricket"}}
अभिषेक नायर की भविष्यवाणी!: बताया- कोहली 2027 विश्वकप तक 100 शतक पूरे कर पाएंगे या नहीं? वजह का भी किया खुलासा
Fri, 06 Nov 2026 04:22 PM IST
स्वप्निल शशांक
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Fri, 06 Nov 2026 04:22 PM IST
सार
भारत के पूर्व असिस्टेंट कोच अभिषेक नायर ने विराट कोहली को लेकर अपनी राय दी है। साथ ही उन्होंने हार्दिक पांड्या को लेकर भी बयान दिया है। अभिषेक भारत के असिस्टेंट कोच भी रह चुके हैं। हालांकि, ऑस्ट्रेलिया दौरे पर खराब प्रदर्शन के बाद उन्हें इस्तीफा देना पड़ा था।
विज्ञापन
अभिषेक नायर और विराट कोहली
- फोटो : ANI
विस्तार
भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व सहायक कोच अभिषेक नायर का मानना है कि विराट कोहली के लिए 2027 वनडे विश्व कप से पहले 100 अंतरराष्ट्रीय शतकों का आंकड़ा छूना मुश्किल हो सकता है। उनका कहना है कि विश्व कप तक कोहली के पास इस उपलब्धि को हासिल करने के लिए पर्याप्त मैच नहीं होंगे। हालांकि, नायर चाहते हैं कि कोहली यह मुकाम हासिल करें। उन्होंने यह भी संभावना जताई कि कोहली विश्व कप के बाद भी खेलना जारी रख सकते हैं, लेकिन उस समय तक उनकी प्रेरणा पहले जैसी रहेगी या नहीं, यह देखना होगा।
विज्ञापन
Trending Videos
विराट कोहली
- फोटो : ANI
विश्व कप तक कोहली के पास नहीं होंगे पर्याप्त मैच
अभिषेक नायर ने जियोस्टार से बातचीत में कोहली के 100 अंतरराष्ट्रीय शतकों को लेकर अपनी राय रखी। उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं लगता कि विश्व कप तक उनके पास उस उपलब्धि तक पहुंचने के लिए पर्याप्त मैच हैं। मैं चाहता हूं कि वह ऐसा करें, लेकिन आपको भी आगे बढ़ने के लिए काफी मैच खेलने होंगे। हो सकता है कि वह विश्व कप के बाद भी खेलना जारी रखें, लेकिन मैं विश्व कप तक के समय के बारे में सोच रहा हूं। विश्व कप के बाद, उनकी प्रेरणा शायद वैसी न रहे।' नायर के इस बयान में कोहली के भविष्य को लेकर एक संभावना भी नजर आती है। उनके मुताबिक, विश्व कप के बाद कोहली का खेलना जारी रखना संभव है, लेकिन उन्होंने इस बात पर सवाल उठाया कि तब उनकी प्रेरणा का स्तर कैसा रहेगा।
अभिषेक नायर ने जियोस्टार से बातचीत में कोहली के 100 अंतरराष्ट्रीय शतकों को लेकर अपनी राय रखी। उन्होंने कहा, 'मुझे नहीं लगता कि विश्व कप तक उनके पास उस उपलब्धि तक पहुंचने के लिए पर्याप्त मैच हैं। मैं चाहता हूं कि वह ऐसा करें, लेकिन आपको भी आगे बढ़ने के लिए काफी मैच खेलने होंगे। हो सकता है कि वह विश्व कप के बाद भी खेलना जारी रखें, लेकिन मैं विश्व कप तक के समय के बारे में सोच रहा हूं। विश्व कप के बाद, उनकी प्रेरणा शायद वैसी न रहे।' नायर के इस बयान में कोहली के भविष्य को लेकर एक संभावना भी नजर आती है। उनके मुताबिक, विश्व कप के बाद कोहली का खेलना जारी रखना संभव है, लेकिन उन्होंने इस बात पर सवाल उठाया कि तब उनकी प्रेरणा का स्तर कैसा रहेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
हार्दिक पांड्या
- फोटो : BCCI-X
हार्दिक के साथ एक और ऑलराउंडर तैयार करे भारत
नायर ने भारतीय टीम के भविष्य के संयोजन पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने सुझाव दिया कि भारत को हार्दिक पांड्या के साथ एक और ऑलराउंडर तैयार करना चाहिए। इससे टीम को खासकर न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों के दौरों पर अतिरिक्त विकल्प मिल सकते हैं।
उन्होंने कहा, 'भारत को भविष्य के बारे में सोचना चाहिए, जहां हार्दिक पांड्या के साथ एक और ऑलराउंडर खेल सकता है। जब आप न्यूजीलैंड जाते हैं, तो हो सकता है कि आपके पास ऐसे दो ऑलराउंड विकल्प हों क्योंकि गौतम गंभीर को बल्लेबाज पसंद हैं। अगर आप एक और ऑलराउंडर तैयार करते हैं, तो वे एक साथ खेल सकते हैं।'
नायर ने आगे कहा, 'अगर भारत दो अच्छे तेज गेंदबाजों और दो सीम-बॉलिंग ऑलराउंडरों के साथ खेल सकता है, तो टीम का संतुलन बेहतर होता है और इसमें गहराई मिलती है। दूसरी बात यह है कि जब आप दक्षिण अफ्रीका जाते हैं, तो यह काम आएगा क्योंकि अब आपके पास बल्लेबाजी के ज्यादा विकल्प हैं।'
नायर ने भारतीय टीम के भविष्य के संयोजन पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने सुझाव दिया कि भारत को हार्दिक पांड्या के साथ एक और ऑलराउंडर तैयार करना चाहिए। इससे टीम को खासकर न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका जैसे देशों के दौरों पर अतिरिक्त विकल्प मिल सकते हैं।
उन्होंने कहा, 'भारत को भविष्य के बारे में सोचना चाहिए, जहां हार्दिक पांड्या के साथ एक और ऑलराउंडर खेल सकता है। जब आप न्यूजीलैंड जाते हैं, तो हो सकता है कि आपके पास ऐसे दो ऑलराउंड विकल्प हों क्योंकि गौतम गंभीर को बल्लेबाज पसंद हैं। अगर आप एक और ऑलराउंडर तैयार करते हैं, तो वे एक साथ खेल सकते हैं।'
नायर ने आगे कहा, 'अगर भारत दो अच्छे तेज गेंदबाजों और दो सीम-बॉलिंग ऑलराउंडरों के साथ खेल सकता है, तो टीम का संतुलन बेहतर होता है और इसमें गहराई मिलती है। दूसरी बात यह है कि जब आप दक्षिण अफ्रीका जाते हैं, तो यह काम आएगा क्योंकि अब आपके पास बल्लेबाजी के ज्यादा विकल्प हैं।'
अभिषेक नायर और गंभीर
- फोटो : BCCI
बहुराष्ट्रीय टूर्नामेंट को बताया बड़ी तैयारी का जरिया
अभिषेक नायर ने ट्राई-नेशन और इससे अधिक देशों की भागीदारी वाले टूर्नामेंट के महत्व पर भी बात की। उनका मानना है कि ऐसे टूर्नामेंट खिलाड़ियों को बड़े मुकाबलों और दबाव की परिस्थितियों के लिए तैयार करते हैं। खासकर जब किसी ट्रॉफी के लिए फाइनल खेलना हो, तो उसका अनुभव अलग होता है।
उन्होंने कहा, 'यह मजेदार है क्योंकि उन सीरीज को देखना, जहां आप ट्रॉफी जीतने के लिए फाइनल खेल रहे होते हैं, एक बहुत ही अलग एहसास होता है। यह आपको तैयार करता है और बड़े टूर्नामेंट के लिए तैयार करता है।' नायर ने आगे कहा, 'जब आप तीन या चार देशों वाली ट्रॉफी के लिए खेलते हैं, तो आप स्टैंडिंग में ऊपर-नीचे हो सकते हैं और हर मैच मायने रखता है। इसलिए, मुझे लगता है कि ट्राई-नेशन या उससे अधिक देशों के टूर्नामेंट जैसा कुछ नहीं है।'
अभिषेक नायर ने ट्राई-नेशन और इससे अधिक देशों की भागीदारी वाले टूर्नामेंट के महत्व पर भी बात की। उनका मानना है कि ऐसे टूर्नामेंट खिलाड़ियों को बड़े मुकाबलों और दबाव की परिस्थितियों के लिए तैयार करते हैं। खासकर जब किसी ट्रॉफी के लिए फाइनल खेलना हो, तो उसका अनुभव अलग होता है।
उन्होंने कहा, 'यह मजेदार है क्योंकि उन सीरीज को देखना, जहां आप ट्रॉफी जीतने के लिए फाइनल खेल रहे होते हैं, एक बहुत ही अलग एहसास होता है। यह आपको तैयार करता है और बड़े टूर्नामेंट के लिए तैयार करता है।' नायर ने आगे कहा, 'जब आप तीन या चार देशों वाली ट्रॉफी के लिए खेलते हैं, तो आप स्टैंडिंग में ऊपर-नीचे हो सकते हैं और हर मैच मायने रखता है। इसलिए, मुझे लगता है कि ट्राई-नेशन या उससे अधिक देशों के टूर्नामेंट जैसा कुछ नहीं है।'