'संत' ने हद कर दी, समर्थक गायब और दुखी वर्दी
संत रामपाल और उनके समर्थकों के चक्कर ने एकबार फिर से चंडीगढ़ पुलिस और जनता को परेशानी में डाल दिया। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट में सोमवार को संत रामपाल की पेशी के लिए लाया जाना था। बाबा तो नहीं, लेकिन लोगों को जरूर परेशान होना पड़ा। नाका, जाम और पुलिस में उलझी रही आम ओ खास जनता।
'संत' ने हद कर दी, समर्थक गायब और दुखी वर्दी
पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट हो या रेलवे स्टेशन या जीरकपुर और मोहाली पुलिस की मुस्तैदी इतनी रही कि नाकों पर लगे आनलाइन कैमरों को देखने के लिए भी जवान चौबीस घंटे वहां मौजूद रहे। इसकी वजह से बैरियर, ट्रैफिक जाम हर जगह था। जिसका खामियाजा जनता को भुगतना पड़ा
'संत' ने हद कर दी, समर्थक गायब और दुखी वर्दी
संत रामपाल के चक्कर में पंद्रह मिनट का सफर एक घंटे में बीता। चंडीगढ़, मोहाली, पंचकूला से गुजरने वाला कोई वाहन स्कैनिंग के बगैर नहीं गुजरा। मोहाली-चंडीगढ़ बैरियर पर करीब दो सौ पुलिस कर्मी तैनात रहे। यह नाका रात से लगा दिया गया था। पंजाब पुलिस ने मोहाली बैरियर से गुजरने वाले हरेक वाहन को चेक किया। रेलवे स्टेशन पर अधिकारी पूरी मुस्तैदी से तैनात रहे।
'संत' ने हद कर दी, समर्थक गायब और दुखी वर्दी
सबसे ज्यादा नाकाबंदी अंबाला चंडीगढ़ हाईवे पर रही। डेराबस्सी, जीरकपुर बैरियर पर करीब एक हजार पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया था। चंडीगढ़ पुलिस के जवानों ने प्राइवेट वाहनों को रुकवाकर चेक किया। किसी उत्पात से निपटने के लिए सात हजार पुलिस कर्मी, रैपिड एक्शन फोर्स और पंजाब पुलिस के जवानों के साथ महिला पुलिस बल को तैनात किया गया था।
'संत' ने हद कर दी, समर्थक गायब और दुखी वर्दी
पुलिस कर्मियों की भारी संख्या और सड़क के दोनों ओर पार्क की गई बसों के कारण वाहनों को निकलने में भारी परेशानी हुई। चंडीगढ़ पुलिस ने हरेक बैरियर पर समर्थकों से निपटने के लिए भोंपू लगाए थे। संत समर्थक निकल न सकें इसके लिए बैरीकेटिंग की गई थी।