फेरे चल रहे थे कि पंडित ने अचानक बीच में ही रोक दिए और खड़ा हो गया। उसके बाद उसने जो काम किया, देखकर दूल्हा-दुल्हन के होश उड़ गए।
मामला हरियाणा के सोनीपत का है। गोहाना के एक गांव में उस समय अजीब स्थिति बन गई, जब शादी कराने आए पंडित ने फेरों से पहले ही दान-दक्षिणा की मांग कर दी।
दान दक्षिणा नहीं मिलने पर पंडित ने फेरों को बीच में रोक दिया। परिजनों ने कुछ दक्षिण भी देकर फेरे पूरे कराने की बात कही तो पंडित पूरी दक्षिणा मांगने लगा। उसकी बात सुनकर लोग भड़क गए और उसकी मौके पर ही धुनाई कर डाली।
ग्रामीणों ने दोनों पक्षों में समझौता करवा कर मामले को शांत कराया। हुआ यूं कि गोहाना के गांव में एक अनुसूचित जाति के परिवार में लड़की की शादी थी। बारात आ गई और पंडित भी फेरे करवाने पहुंच गया।
लेकिन फेरों के बीच में ही पंडित ने दान-दक्षिणा के 21 सौ रुपये देने की बात कही। परिजनों ने उसे 11 सौ रुपये दे दिए। इस पर पंडित ने एतराज जताया और पूरी दक्षिणा देने की बात कही। लेकिन परिजनों ने दान-दक्षिणा को अधिक बताया। जिस पर पंडित ने बीच में ही फेरे रोक दिए।