पाप का कारक माने जाने वाले ग्रह शनि 18 अप्रैल 2018 को वक्री होने जा रहे हैं। जो 6 सितंबर तक इस अवस्था में रहेंगे। ज्योतिष के अनुसार शनि प्रत्येक साल वक्री होते हैं। वक्री होने का मतलब ग्रह का उल्टा चलना और मार्गी का अर्थ सीधा चलना होता है। शनि कुल मिलाकर 142 दिनों तक वक्री रहेगा इसके बाद मार्गी होंगे। शनि के वक्री होने से सभी राशियों पर कैसा असर होने वाला है आइए जानते हैं
मेष राशि: शनि के नवम भाव में रहने से मेष राशि वाले लोगों के करियर की रफ्तार धीमी रहेगी। जून तक आपके करियर में धीमी गति से उन्नति होगी और फिर इसके बाद अक्टूबर तक करियर में चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। इस समय आपको कठिन परिश्रम की आवश्यकता होगी।
वृषभ राशि: इस साल शनि की क्रूर दृष्टि आपके पारिवारिक जीवन पर पड़ेगी। इस दौरान पिता के स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें। पिता के साथ रिश्तों में कड़वाहट आ सकती है। बच्चों और दोस्तों के साथ रिश्तों को बनाए रखने के लिए अधिक प्रयास करने होंगे और सभी को साथ लेकर चलना होगा। सावधान रहें, शनि के कारण हानि हो सकती है।
मिथुन राशि: शनि की यह स्थिति इस वर्ष आपको मिश्रित परिणाम दिलाएगी। आप अपने कार्यक्षेत्र में कठिन परिश्रम करेंगे। इसकी बदौलत कार्य स्थल पर आपका मान-सम्मान बढ़ेगा, लेकिन इस दौरान आपके वैवाहिक जीवन में कुछ परेशानियां आ सकती हैं। अदालती या कानूनी मामलों में सफलता मिल सकती है। कई शुभ समाचार मिलेंगे। आप लगातार सफलता प्राप्त कर पाएंगे।
कर्क राशि: कानूनी विवाद सामने आ सकते हैं। लंबी दूरी की यात्रा के योग हैं। भाई-बहनों का ध्यान रखें। इस दौरान पारिवारिक मामलों में आपको परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। परिजनों के साथ किसी मुद्दे पर मतभेद संभव हैं। जीवनसाथी के साथ भी विवाद गहरा सकता है।