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Umaria News: धान का भुगतान न मिलने से किसानों में आक्रोश, आंदोलन की चेतावनी; जानें मामला

Wed, 26 Feb 2025 02:47 PM IST
उमरिया ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उमरिया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उमरिया Published by: उमरिया ब्यूरो Updated Wed, 26 Feb 2025 02:47 PM IST
सार

ज्ञापन लेने पहुंचे नायब तहसीलदार राघवेंद्र पटेल ने कहा कि किसानों की चार सूत्री मांगों वाला ज्ञापन कलेक्टर तक पहुंचाया जाएगा, जिसे मुख्यमंत्री तक भेजा जाएगा। गौरतलब है कि उमरिया, शहडोल, अनूपपुर और बैतूल में एनसीसीएफ द्वारा धान खरीदी की गई, जबकि अन्य जिलों में नागरिक आपूर्ति निगम ने खरीदी की।

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Angry farmers warned of agitation due to non-receipt of paddy money
धान का पैसा न मिलने से आक्रोशित किसान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

उमरिया जिले में 6 दिसंबर से एनसीसीएफ द्वारा धान खरीदी शुरू की गई थी, जो 23 जनवरी को समाप्त हुई। बावजूद इसके, अब तक 8392 किसानों को 118 करोड़ 94 लाख रुपये का भुगतान नहीं किया गया है। इस देरी के कारण किसानों पर भारी आर्थिक संकट मंडरा रहा है।

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आज क्षेत्र के किसानों ने अविलंब धान का भुगतान कराने की मांग उठाई। उन्होंने एनसीसीएफ को ब्लैकलिस्ट करने और एआरसीएस को तत्काल हटाने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि तीन दिनों में उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो वे 1 मार्च से अनिश्चितकालीन धरने पर बैठने को मजबूर होंगे।

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किसान नारायण सिंह ने बताया, "हमारी आजीविका पूरी तरह खेती पर निर्भर है। हमने अपना धान उपार्जन केंद्रों में बेचा, लेकिन तीन महीने बाद भी भुगतान नहीं मिला। अन्य जिलों के किसानों को उनका पैसा मिल चुका है, लेकिन हमारा नहीं मिला। हमें बच्चों की फीस, दवाइयों, बिजली बिल और बैंक कर्ज के भुगतान में दिक्कत आ रही है। यदि तीन दिनों में भुगतान नहीं हुआ, तो हम आंदोलन करेंगे।"

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युवा किसान चंदन सिंह ने बताया, "एनसीसीएफ का रवैया शुरुआत से ही संदेहास्पद रहा है। पहले ट्रांसपोर्टरों से विवाद हुआ, फिर समितियों से और अब किसानों को भुगतान नहीं किया जा रहा। किसानों को बच्चों की परीक्षा शुल्क, चिकित्सा, बिजली बिल और अन्य आवश्यकताओं के लिए पैसे की जरूरत है, लेकिन वे असमर्थ हैं। हम एआरसीएस को तत्काल हटाने की मांग करते हैं और यदि जल्द समाधान नहीं हुआ, तो धरना प्रदर्शन करेंगे।"

ज्ञापन लेने पहुंचे नायब तहसीलदार राघवेंद्र पटेल ने कहा कि किसानों की चार सूत्री मांगों वाला ज्ञापन कलेक्टर तक पहुंचाया जाएगा, जिसे मुख्यमंत्री तक भेजा जाएगा। गौरतलब है कि उमरिया, शहडोल, अनूपपुर और बैतूल में एनसीसीएफ द्वारा धान खरीदी की गई, जबकि अन्य जिलों में नागरिक आपूर्ति निगम ने खरीदी की। जहाँ नागरिक आपूर्ति निगम ने किसानों को भुगतान कर दिया है, वहीं एनसीसीएफ से जुड़े किसान अब भी अपने भुगतान का इंतजार कर रहे हैं। अब देखना यह होगा कि प्रशासन किसानों की समस्या का समाधान करता है या उन्हें आंदोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा।

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