Tikamgarh: रिश्वतखोरी के जाल में फंसे किसान, तहसील में भ्रष्टाचार की शिकायत लेकर कलेक्टर की चौखट पर पहुंचे
टीकमगढ़ जिले की लिधौरा तहसील में भ्रष्टाचार के खिलाफ किसान हरिशंकर ने कलेक्टर से शिकायत की है। उन्होंने आरोप लगाया कि बाबू विजेंद्र चौरसिया ने उनकी फाइल के रिकॉर्ड सुधार के बदले दो बार रिश्वत ली और अब तीसरी बार पैसे मांग रहा है। किसान ने बाबू पर कार्रवाई की मांग की।
विस्तार
टीकमगढ़ जिले की लिधौरा तहसील में भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है, जहां फिरोजपुरा गांव के किसान हरिशंकर ने तहसील में पदस्थ बाबू विजेंद्र चौरसिया पर रिश्वत मांगने का आरोप लगाते हुए कलेक्टर से शिकायत की है। हरिशंकर का कहना है कि उनकी एक फाइल, जिसका रिकॉर्ड सुधार होना है, लिधौरा तहसील में रखी हुई है। जतारा एसडीएम ने फाइल सुधार के आदेश दे दिए हैं, लेकिन बाबू विजेंद्र चौरसिया इसके बदले रिश्वत की मांग कर रहे हैं।
किसान ने बताया कि वह पिछले तीन महीनों से तहसील के चक्कर काट रहे हैं और बाबू को दो बार रिश्वत भी दे चुके हैं, पहली बार ₹1500 और दूसरी बार ₹2000। इसके बावजूद उनकी फाइल पर कोई कार्यवाही नहीं हुई है। अब बाबू चौरसिया फिर से ₹2000 की मांग कर रहे हैं, लेकिन हरिशंकर के पास अब और रिश्वत देने के लिए पैसे नहीं हैं। इसके चलते उन्होंने मजबूर होकर टीकमगढ़ कलेक्टर से शिकायत की और बाबू के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
कलेक्टर को दिए आवेदन में हरिशंकर ने बताया कि लिधौरा तहसील का बाबू बार-बार टालमटोल कर रहा है, जिससे उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में जब विजेंद्र चौरसिया से बात की गई, तो उन्होंने आरोपों को नकारते हुए कहा कि सिस्टम ऊपर से नीचे तक चलता है और वे अकेले इसमें कुछ नहीं कर सकते।
किसानों में प्रशासनिक भ्रष्टाचार को लेकर रोष है, और कलेक्टर से इस मामले में त्वरित कार्यवाही की अपेक्षा की जा रही है। हरिशंकर ने अपनी फाइल के रिकॉर्ड सुधार की भी कलेक्टर से अपील की है ताकि उनकी समस्या का शीघ्र समाधान हो सके।
