कुएं में डूबा दलित छात्र, स्कूल के हैंडपंप से पानी पीना था मना
- स्कूल के शिक्षकों पर लगा भेदभाव का आरोप
- पांच शिक्षकों को किया गया निलंबित
- स्कूल का कहना अपने आप गिरा कुएं में
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टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के अनुसार उक्त छात्र को स्कूल के हैंडपंप से पानी पीने के लिए मना किया गया था। लेकिन बात न मानने पर सजा के रूप में उसे कुएं में धक्का दे दिया गया।
मामला बीते मंगलवार का बताया जा रहा है। मामले में स्कूल के प्रधानाचार्य सहित पांच शिक्षक को निलंबित कर दिया गया है। स्थानीय पंचायत सदस्य मनीष बागरी ने बताया कि आठवीं कक्षा के छात्र वीरन अहिरवार का प्रताड़ित करने के आरोप में आरोपियों के खिलाफ एक जांच कमेटी का गठन भी किया गया है।
स्कूल का कहना पानी निकालते समय खुद गिरा कुएं में
पीड़ित छात्र के भाई सेवक ने बताया कि जब वीरन मिड डे मील खाने के बाद पानी पीने के लिए स्कूल के हैंडपंप पर गया तो स्कूल के शिक्षकों ने उसे बाहर कर दिया। सेवक भी उसी स्कूल में पांचवी का छात्र है।
इसके बाद जब वीरन रस्सी लगी एक बोतल से कुएं से पानी निकालने का प्रयास कर रहा था तब उसका नियंत्रण बिगड़ा और वह कुएं में गिर गया, जिससे उसकी मौत हो गई।
पूर्व में स्कूल के काफी छात्र-छात्राओं ने स्थानीय पंचायत में इस बात की शिकायत की थी कि उनसे जाति के आधार पर भेदभाव किया जा रहा है। हालांकि दमोह के जिला कलेक्टर श्रीनिवास शर्मा ने जाति आधारित भेदभाव के आरोपों से इंकार किया है।
