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Shahdol: हाथियों के बाद अब कोदो का इंसानों पर कहर! शहडोल के इस गांव के लोग हो रहे बीमार

Wed, 18 Dec 2024 04:48 PM IST
शहडोल ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शहडोल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शहडोल Published by: शहडोल ब्यूरो Updated Wed, 18 Dec 2024 04:48 PM IST
सार

Shahdol:  कोदो की रोटी और चने की भाजी खाने से एक ही परिवार के चार सदस्य बीमार हो गए हैं। सभी की हालत गंभीर बनी हुई है, उन्हें परिजनों ने अस्पताल में लाकर भर्ती कराया है। जहां उन सभी का उपचार शुरू हो गया। कुछ दिन पहले हुई हाथियों की मौत के पीछे भी कोदो के होने की बात कही जा रही थी।  

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Four members of a family fell ill after eating Kodo roti and gram vegetable
जिला अस्पताल शहडोल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दस हाथियों की मौत के बाद देशभर में चर्चित होने वाले शहडोल में अब कोदो का कहर इंसानों पर बरपने लगा है। यहां कोदो की रोटी खाने से एक ही परिवार के चार सदस्य बीमार हो गए हैं। सभी की हालत गंभीर बनी हुई है।

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मामला शहडोल मुख्यालय से लगे गांव खम्हरिया पंचायत के ददरा टोला का है। जानकारी के अनुसार बीती रात एक परिवार के सदस्यों ने कोदो की रोटी के साथ चने की भाजी खाई थी, इसके कुछ देर बाद उन्हें उल्टी दस्त शुरू हो गई और तबीयत बिगड़ने लगी। एक युवक ने खाना नहीं खाया था, उसकी तबीयत नहीं बिगड़ी और उसने पड़ोसियों से मदद लेकर सभी को जिला अस्पताल उपचार के लिए लाकर भर्ती करवाया।
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बताया गया कि खम्हरिया पंचायत के ददरा टोला गांव निवासी राजेंद्र सिंह की अमलाई निवासी उनकी बुआ शाम घर आई थीं। रात में भोजन में कोदो की रोटी और चने की भाजी बनी थी। सभी भोजन करने के बाद सो गए। रात करीब दो बजे राजेंद्र सिंह मरावी, लक्ष्मी सिंह, रामवती सिंह और चंदा बाई की तबीयत बिगड़ गई। सभी को उल्टी-दस्त होने लगे। सभी को जिला अस्पताल लाया गया, जिन्हें जांच के बाद भर्ती कर लिया गया।
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क्या कहते हैं विशेषज्ञ
जब इस संबंध में मेडिसिन विशेषज्ञ डॉक्टर भूपेंद्र सिंह सेंगर से बात की गई तो उन्होंने कहा कि मरीजों को मैंने देखा है। उनकी हालत स्थिर है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ स्पष्ट कहा जा सकेगा, लेकिन कोदो अगर अधिक पुराना है तो उससे फूड पाइजनिंग की संभावनाएं अधिक रहती हैं। हमारी सलाह है कि अधिक पुराना कोदो लोग ना खाएं, अगर खाना ही है तो नया कोदो खाएं, जिससे फूड पाइजनिंग की संभावनाएं कम रहती हैं। 

हाथियों की मौत के पीछे कोदो
बता दें कि नवंबर माह के शुरुआती दिनों में बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में तीन दिन में 10 हाथियों की मौत हो गई थी। इन हाथियों की मौत की वजह कोदो को बताया गया था। अब यही कोदो इंसानों के बीमार होने की वजह बन रहा है। 

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