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MP News: 14 से 20 फरवरी तक कुबेरेश्वर धाम में रुद्राक्ष महोत्सव व शिवमहापुराण कथा का आयोजन, प्रशासन सतर्क
Fri, 06 Feb 2026 05:02 PM IST
सीहोर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर
Published by: सीहोर ब्यूरो
Updated Fri, 06 Feb 2026 05:02 PM IST
सार
MP News: कुबेरेश्वर धाम में 14 से 20 फरवरी तक भव्य रुद्राक्ष महोत्सव और शिवमहापुराण कथा का आयोजन होगा। महाशिवरात्रि को ग्रीन शिवरात्रि के रूप में मनाया जाएगा, एक करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। प्रशासन ने यातायात, सुरक्षा, स्वास्थ्य और स्वच्छता की व्यापक तैयारियां की हैं, श्रद्धालुओं के लिए विशाल पंडाल और भोजनशाला का इंतजाम किया गया है।
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श्रद्धा, आस्था और शिवभक्ति का विराट आयोजन
विस्तार
जिला मुख्यालय के समीप स्थित कुबेरेश्वर धाम एक बार फिर श्रद्धा, भक्ति और अध्यात्म के महासंगम का साक्षी बनने जा रहा है। 14 फरवरी से 20 फरवरी तक यहां भव्य रुद्राक्ष महोत्सव एवं शिवमहापुराण कथा का आयोजन किया जाएगा। देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर समिति और प्रशासन ने व्यापक स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं। यह आयोजन केवल धार्मिक नहीं, बल्कि सामाजिक और पर्यावरणीय चेतना का भी संदेश देगा।
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एक करोड़ पौधे रोपित करने का रखा गया लक्ष्य
इस वर्ष कुबेरेश्वर धाम में महाशिवरात्रि को ‘ग्रीन शिवरात्रि’ के रूप में मनाया जाएगा। अंतर्राष्ट्रीय कथा वाचक पंडित प्रदीप मिश्रा ने बताया कि भगवान शिव प्रकृति के आराध्य देव हैं, इसलिए शिवरात्रि को पर्यावरण से जोड़ना समय की आवश्यकता है। इस अवसर पर देश-विदेश में एक करोड़ पौधे रोपित करने का लक्ष्य रखा गया है। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे अपने घर या आसपास कम से कम एक पौधा अवश्य लगाएं और उसकी देखभाल करें।
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कथा स्थल और भोजनशाला का निरीक्षण
गिरिराज की परिक्रमा पूर्ण कर लौटने के बाद पंडित प्रदीप मिश्रा ने कुबेरेश्वर धाम पहुंचकर कथा स्थल, विशाल पंडाल और अस्थायी भोजनशाला निर्माण कार्य का निरीक्षण किया। इस बार 1 लाख 80 हजार स्क्वायर फीट क्षेत्र में पक्का पंडाल तैयार किया गया है, जिसमें एक साथ करीब डेढ़ लाख श्रद्धालु कथा श्रवण कर सकेंगे। श्रद्धालुओं के लिए 10 एकड़ में विशाल भोजनशाला बनाई गई है, जहां सातों दिन निशुल्क भंडारा चलेगा। साथ ही 1 लीटर पानी की बोतल मात्र 5 रुपये में उपलब्ध कराई जाएगी।
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प्रशासन और पुलिस की सख्त निगरानी
महोत्सव की सुरक्षित और सुव्यवस्थित व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए पुलिस महानिरीक्षक संजय तिवारी, कलेक्टर बालागुरू के, डीआईजी ओम प्रकाश त्रिपाठी और एसपी दीपक कुमार शुक्ला ने कुबेरेश्वर धाम पहुंचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने मंदिर समिति और विभिन्न विभागों के साथ बैठक कर यातायात, पार्किंग, भीड़ नियंत्रण, फायर सेफ्टी, चिकित्सा और तकनीकी व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा की।
यातायात, पार्किंग और भीड़ प्रबंधन पर विशेष ध्यान
अधिकारियों ने निर्देश दिए कि कथा के दौरान किसी भी स्थिति में जाम न लगे। इसके लिए अलग-अलग पार्किंग जोन बनाए जाएंगे और वाहनों की आवाजाही के लिए स्पष्ट मार्ग तय किए जाएंगे। नेशनल हाईवे पर डायवर्जन प्लान लागू रहेगा। बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए संकेतक, फ्लेक्स और सूचना बोर्ड लगाए जाएंगे। अनाउंसमेंट सिस्टम को सक्रिय रखा जाएगा, ताकि समय-समय पर आवश्यक सूचनाएं श्रद्धालुओं तक पहुंचती रहें।
स्वास्थ्य, स्वच्छता और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कुबेरेश्वर धाम से रेलवे स्टेशन तक करीब 20 अस्थायी अस्पताल बनाए जा रहे हैं। पर्याप्त एम्बुलेंस, चिकित्सकीय स्टाफ, मिनी आईसीयू और आवश्यक दवाइयों की व्यवस्था की जा रही है। परिसर में 256 हाई-टेक सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जो हर गतिविधि पर नजर रखेंगे। फायर ब्रिगेड, आपातकालीन निकास मार्ग और कंट्रोल रूम को पूरी तरह सक्रिय रखा जाएगा। कथा के दौरान रुद्राक्ष वितरण पूर्णतः बंद रहेगा, इसकी स्पष्ट सूचना बोर्ड लगाए जाएंगे।
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सात दिन, अलग-अलग संत, एक दिव्य अनुभूति
रुद्राक्ष महोत्सव सात दिनों तक चलेगा, ताकि श्रद्धालुओं की भीड़ संतुलित रहे। प्रतिदिन अलग-अलग संत कथा में शामिल होंगे। 17 फरवरी को विशेष रूप से बागेश्वरधाम के पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री कुबेरेश्वर धाम पहुंचेंगे। इसके अलावा विभिन्न दिनों में मंत्री, जनप्रतिनिधि और विशिष्ट अतिथि भी कथा में भाग लेंगे। प्रशासन और समिति का लक्ष्य है कि हर श्रद्धालु को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और आध्यात्मिक अनुभूति से भरपूर वातावरण मिले।
