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MP News: डेंगू का गढ़ बना रायसेन का औबेदुल्लागंज विकासखंड, सबसे ज्यादा मरीज मिलें, ग्रामीण क्षेत्रों में प्रकोप
Tue, 12 Sep 2023 01:25 PM IST
लोकेंद्र सिंह चंपावत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायसेन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायसेन
Published by: लोकेंद्र सिंह चंपावत
Updated Tue, 12 Sep 2023 01:25 PM IST
सार
रायसेन जिले के औबेदुल्लागंज विकासखंड में डेंगू के सबसे ज्यादा मरीज मिले हैं। जिले में 16 में से 10 मरीज एक ही विकासखंड से है। ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार डेंगू का प्रकोप बढ़ता जा रहा है।
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ठहरे हुए पानी में डेंगू के मच्छर पैदा होते है
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मध्यप्रदेश में मच्छरों से फैलने वाले डेंगू का खतरा बढ़ गया है। जिसको लेकर कई मरीज मिल रहे हैं। रायसेन जिले में भी डेंगू का कहर देखने को मिल रहा है। जिले के औबेदुल्लागंज में सबसे ज्यादा डेंगू के मरीज मिले हैं। हालांकि बीते तीन दिन में सरकारी रिकॅार्ड के मुताबिक एक भी मामला नहीं आया हैं।लेकिन मामले बढ़ने की आशंका बनी हुई है। इसका कारण मौसम में उतार-चढ़ाव होना भी है। विशेषज्ञों के अनुसार यह मौसम डेंगू और मलेरिया फैलाने वाले मच्छरों के लिए अनुकूल है।
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नगरीय निकायों की लापरवाही
मच्छरों और उनके लार्वा को नष्ट करने का प्रमुख काम नगरीय निकायों का होता है, जो लापरवाही बरत रहे हैं। मलेरिया और डेंगू के मरीज मिलने के बाद भी औबेदुल्लागंज नगर परिषद ने शहर में फागिंग नहीं कराया है। मंडीदीप में भी यही हाल है। मुख्यालय पर फागिंग मशीन होने के बाद भी इस सीजन एक बार भी फागिंग नहीं कराया गया है। जबकि बरेली, उदयपुरा में फागिंग होती रही है। जिसके परिणाम भी मिले हैं। यहां एक भी डेंगू का मरीज नहीं मिला है।
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जिला मलेरिया विभाग से मिली जानकारी के अनुसार जनवरी से अब तक जिले में डेंगू के 16 मरीज मिले हैं, जिनमें सबसे अधिक 10 मरीज औबेदुल्लागंज विकासखंड में मिले हैं। साथ ही सांची विकासखंड में 04, सिलवानी में 01 तथा रायसेन शहर में 01 मरीज मिला है। इनमें अधिकतर मरीज अगस्त माह में मिले हैं। रायसेन में तीन दिन पहले ही डेंगू का मरीज मिला है। विभाग ने 62 सेंपल लिए थे, जिनमें सभी की रिपोर्ट मिल चुकी है। जिला मुख्यालय पर सैंपल की जांच की सुविधा है, जिससे रिपोर्ट भी दो से चार घंटे में मिल जाती है।
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सौ से अधिक घरों में मिला लार्वा
विभाग ने जारी किए सर्वे में 100 से अधिक घरों में डेंगू फैलाने वाले मच्छर का लार्वा मिला है। जिसे मौके पर ही नष्ट किया गया। पिछले तीन माह में ही विभाग ने लगभग 85 हजार घरों का सर्वे किया। मोहल्ला और वार्ड सर्वे में 120 ऐसे एरिया मिले, जहां लार्वा पनप रहा हैं।
यहां पनपते हैं डेंगू, मलेरिया के मच्छर
अमूमन गंदे पानी का भराव और कई दिनों से पानी का जमाव होने वाले स्थानों पर बीमारी फैलाने वाले मच्छर पनपते हैं। लेकिन डेंगू फैलाने एडीज मच्छर घरों में कई दिनों से बर्तन, गमले, कूलर आदि में भरे रहने वाले पानी में पनपते हैं। डेंगू से बचाव का मुख्य उपाय मच्छरों से बचाव करना है। घर के आस-पास, कूलर, गमले, बर्तन आदि में पानी अधिक दिन तक भरा नहीं रहने दें। चार-पाचं दिन में एक बार इनकी सफाई जरूर करें, ताकि लार्वा न पनप सके।
जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. प्रियंबदा गुप्ता ने बताया है जिले में डेंगू और मलेरिया के मरीज मिल रहे हैं। आगे भी मरीज मिल सकते हैं। इसलिए सावधानी बरतना जरूरी है। हम लगातार सर्वे कराकर लार्वा नष्ट करा रहे हैं। लोगों को सावधानी रखना जरूरी है।
