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MP News: शराब पीकर लड़ता था, इसलिए तीसरी पत्नी ने गमछे से मार दिया, आंगन में शव गाड़ा और उस पर खटिया रख दी
Tue, 11 Oct 2022 04:07 PM IST
रवींद्र भजनी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छिंदवाड़ा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छिंदवाड़ा
Published by: रवींद्र भजनी
Updated Tue, 11 Oct 2022 04:07 PM IST
सार
छिंदवाड़ा में आंगन में बनी कब्र से बाहर निकाली गई लाश का खुलासा हो गया है। 45 वर्षीय घनश्याम को उसकी ही तीसरी पत्नी ने गमछे से गला घोंटकर मार दिया था। उस पर खटिया रख दी थी।
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Arrest demo
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
छिंदवाड़ा के पांढुर्णा में लांघा गांव में कब्र से बाहर निकली लाश का मामला सुलझा लिया गया था। मृतक की पत्नी ने ही विवाद के बाद उसे उसी के गमछे से गला घोंटकर मौत के घाट उतारा। फिर उसकी ही खाट के नीचे उसे दफना दिया। 24 घंटे के अंदर पांढुर्णा पुलिस ने जांच के बाद खुलासा कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
लांघा निवासी 45 वर्षीय घनश्याम पिता पंजाबराव पराड़कर पट्टे की जमीन पर पत्नी 42 वर्षीय मीरा पराड़कर के साथ रहते थे। रविवार सुबह पुलिस को गांव के सरपंच से खबर मिली कि घनश्याम का शव घर के आंगन में दफन है। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची तो कब्र के बाहर लाश आधी दिखाई पड़ रही थी। पुलिस ने शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम करवाया। प्रकरण की जांच शुरू कर दी थी। जांच में पता चला कि घनश्याम शराबी था। अक्सर नशे में पत्नी से विवाद करता था। रविवार को भी विवाद हुआ और मीना ने घनश्याम को उसके ही गमछे से गला घोंटकर मौत के घाट उतारा। इसके बाद शव को उसकी खाट के नीचे दफना दिया था। पुलिस ने आरोपी मीरा को धारा 302, 201 भादवि के तहत प्रकरण दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है।
खटिया के नीचे बना ली कब्र
घनश्याम और मीरा का जब से विवाह हुआ है, तब से दोनों के बीच विवाद होते रहते थे। घनश्याम ने मीरा से तीसरा विवाह किया था। मीरा का यह दूसरा विवाह था। बताते हैं कि आठ अक्टूबर को घनश्याम जब शराब के नशे में घर आया तो उसका बेटा आयुष बीमार था। उसने मीरा से उसकी दवा के संबंध में पूछा और विवाद करने लगा। मीरा ने एक थप्पड़ मारकर उसे सुला दिया था। इसके बाद घनश्याम खटिया पर सोया तो मीरा ने थोड़ी देर बाद गमछे से गला घोंटकर हत्या की। शव को खटिया के नीचे दफना दिया था।
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आठ अक्टूबर को कर दी थी हत्या
मीरा ने घनश्याम की हत्या आठ अक्टूबर को ही कर दी थी। इसके बाद उसकी लाश पर कंबल डाल दिया था। अगली सुबह जब घनश्याम का बड़ा बेटा पीयूष आया और उसने पिता को खाने के लिए उठाया तो वह नहीं उठा। इसके बाद वह भी काम पर निकल गया। दोपहर बाद छोटे बेटे आयुष ने देखा कि उसकी मां घर के बाहर से मिट्टी लाकर घर में डाल रही है। उसने बड़े भाई पीयूष को खबर दी। किसी अनहोनी की आशंका के चलते दोनों भाई घर में गए। खटिया के नीचे से मिट्टी हटाई तो देखा कि उनका पिता दफन था। उन्होंने सरपंच को पूरे मामले की खबर दी।
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लांघा निवासी 45 वर्षीय घनश्याम पिता पंजाबराव पराड़कर पट्टे की जमीन पर पत्नी 42 वर्षीय मीरा पराड़कर के साथ रहते थे। रविवार सुबह पुलिस को गांव के सरपंच से खबर मिली कि घनश्याम का शव घर के आंगन में दफन है। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची तो कब्र के बाहर लाश आधी दिखाई पड़ रही थी। पुलिस ने शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम करवाया। प्रकरण की जांच शुरू कर दी थी। जांच में पता चला कि घनश्याम शराबी था। अक्सर नशे में पत्नी से विवाद करता था। रविवार को भी विवाद हुआ और मीना ने घनश्याम को उसके ही गमछे से गला घोंटकर मौत के घाट उतारा। इसके बाद शव को उसकी खाट के नीचे दफना दिया था। पुलिस ने आरोपी मीरा को धारा 302, 201 भादवि के तहत प्रकरण दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है।
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खटिया के नीचे बना ली कब्र
घनश्याम और मीरा का जब से विवाह हुआ है, तब से दोनों के बीच विवाद होते रहते थे। घनश्याम ने मीरा से तीसरा विवाह किया था। मीरा का यह दूसरा विवाह था। बताते हैं कि आठ अक्टूबर को घनश्याम जब शराब के नशे में घर आया तो उसका बेटा आयुष बीमार था। उसने मीरा से उसकी दवा के संबंध में पूछा और विवाद करने लगा। मीरा ने एक थप्पड़ मारकर उसे सुला दिया था। इसके बाद घनश्याम खटिया पर सोया तो मीरा ने थोड़ी देर बाद गमछे से गला घोंटकर हत्या की। शव को खटिया के नीचे दफना दिया था।
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आठ अक्टूबर को कर दी थी हत्या
मीरा ने घनश्याम की हत्या आठ अक्टूबर को ही कर दी थी। इसके बाद उसकी लाश पर कंबल डाल दिया था। अगली सुबह जब घनश्याम का बड़ा बेटा पीयूष आया और उसने पिता को खाने के लिए उठाया तो वह नहीं उठा। इसके बाद वह भी काम पर निकल गया। दोपहर बाद छोटे बेटे आयुष ने देखा कि उसकी मां घर के बाहर से मिट्टी लाकर घर में डाल रही है। उसने बड़े भाई पीयूष को खबर दी। किसी अनहोनी की आशंका के चलते दोनों भाई घर में गए। खटिया के नीचे से मिट्टी हटाई तो देखा कि उनका पिता दफन था। उन्होंने सरपंच को पूरे मामले की खबर दी।
