फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   MP News: President Draupadi Murmu's bid will increase rapidly, the development journey of Madhya Pradesh

MP News: राष्ट्रपति ने रातापानी खंड में फोरलेन मार्ग का वर्चुअली शिलान्यास किया, पशु गुजरेंगे सड़क के नीचे से

Wed, 16 Nov 2022 12:19 PM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: आनंद पवार Updated Wed, 16 Nov 2022 12:19 PM IST
सार

सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की रातापानी-औबेदुल्लागंज-इटारसी फोरलेन परियोजना (एनएच-46) का वर्चुअली शिलान्यास किया। यह परियोजना भोपाल से नागपुर को जोड़ेगी। परियोजना में वन्य-जीव और पर्यावरण की सुरक्षा के लिए उपाय शामिल हैं। वन्य-जीव अभयारण्य क्षेत्र में अंडरपास बनेंगे ताकि पशु सड़क के नीचे से उसे पार कर सके।  

विज्ञापन
MP News: President Draupadi Murmu's bid will increase rapidly, the development journey of Madhya Pradesh
भोपाल में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शहडोल में जनजातीय गौरव दिवस के कार्यक्रम के बाद मंगलवार शाम को भोपाल में राजभवन में कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर राष्ट्रपति ने दो परियोजनाओं का वर्चुअल शिलान्यास किया। रक्षा मंत्रालय के ग्वालियर स्थित रक्षा अनुसंधान एवं विकास संस्थान (डीआरडीओ) में मेक्सिमम माइक्रोवाइल कंटेनमेंट लेबोरेटरी (बीएसएल-4) का वर्चुअल शिलान्यास किया। करीब 300 करोड़ रुपये लागत की यह लैब कोरोना जैसी चुनौतियों का सामना करने में सहयेाग करेगी।  
विज्ञापन


राष्ट्रपति ने सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की रातापानी-औबेदुल्लागंज-इटारसी फोरलेन परियोजना (एनएच-46) का भी वर्चुअली शिलान्यास किया। यह परियोजना भारतमाला परियोजना में एनएच-46 (पुराना एनएच-69) औबेदुल्लागंज से बैतूल इंटर-कॉरिडोर मार्ग का हिस्सा है, जो भोपाल से नागपुर को जोड़ता है। इस मार्ग का 12.38 किमी का खण्ड रातापानी वन्य-जीव अभयारण्य में है एवं रातापानी खण्ड भोपाल-नागपुर कॉरिडोर का भाग है। परियोजना में वन्य-जीव और पर्यावरण की सुरक्षा के लिये आवश्यक उपाय शामिल हैं। वन्य-जीव अभयारण्य क्षेत्र में पशु अंडरपास के प्रावधानों से वन्य-प्रणियों को आवागमन में आसानी होगी। परियोजना की कुल लंबाई 12.38 किमी. है। इसके निर्माण पर 417 करोड़ 51 लाख रुपये की लागत आएगी। परियोजना का निर्माण कार्य 18 माह की अवधि में पूर्ण किया जाएगा। इस मार्ग को चौड़ा करने से वन्य-प्राणियों के आवागमन/आवास पर पड़ने वाले प्रभाव को कम करने के लिए 5 बड़े पशु अंडरपास (100 मी, 420 मी, 1226 मी, 65 मी एवं 65 मी.) एवं 2 छोटे पशु अंडर पास (10 मी. एवं 10 मी.) अधो-संरचनाएं बनाई जाएगी। परियोजना में एक माइनर ब्रिज एवं 2 व्हीकल अंडरपास का निर्माण भी किया जाना है।
विज्ञापन


कनेक्टिविटी सुधारने पर होगा फोकस
परियोजना से भोपाल, होशंगाबाद, बैतूल और नागपुर की कनेक्टिविटी बेहतर होगी। साथ ही भारी यातायात से सड़क उपयोगकर्ताओं को सुविधा प्राप्त होगी। रातापानी वन्य-जीव अभयारण्य और सतपुड़ा टाइगर रिजर्व तक बेहतर आवागमन से पर्यटन क्षेत्र को बढावा और रोजगार के अवसरों में वृद्धि होगी। इससे जहां समय और ईंधन की बचत के साथ प्रदूषण में कमी आएगी।  
विज्ञापन
विज्ञापन


मध्यप्रदेश की विकास यात्रा को मिलेगी गति
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इस अवसर पर कहा कि मध्यप्रदेश ने विभिन्न क्षेत्रों में प्रगति के अनेक आयाम हासिल किए हैं। मध्यप्रदेश की विकास यात्रा तेज गति से आगे बढ़ेगी। सभी वर्गों तक विकास पहुंचेगा। मध्यप्रदेश का अनेक क्षेत्रों में अमूल्य योगदान है। खाद्यान उत्पादन में मध्यप्रदेश आगे है। कृषि क्षेत्र में उत्पादन सहित अन्य कार्यों में चार वर्ष में मध्यप्रदेश ने महत्वपूर्ण वृद्धि और प्रगति प्राप्त की है। इसके लिए मध्यप्रदेश बधाई का पात्र है। स्वच्छता के क्षेत्र में मध्यप्रदेश ने स्वच्छतम राज्य और इन्दौर नगर ने छठी बार स्वच्छतम शहर का पुरस्कार प्राप्त किया है। यह सराहनीय है और इन उपलब्धियों के लिए मध्यप्रदेश के नागरिक प्रशंसा के पात्र हैं। देश के अन्य प्रान्तों के लिए भी यह उपलब्धि अनुकरणीय है।

 
मुर्मू ने जनजातीय समुदाय का गौरव बढ़ाया
राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का प्रदेश में प्रथम आगमन पर स्वागत किया। उन्होंने कहा कि साधारण पृष्ठभूमि से निकल कर संघर्षों एवं कर्मठता के बल-बूते पर राष्ट्र के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर पहुंचकर, श्रीमती मुर्मू ने जनजातीय समुदाय का गौरव बढ़ाया है। सम्पूर्ण देश धन्य हुआ है। जन मानस को नया विश्वास और प्रेरणा मिली है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राष्ट्रपति का स्वागत करते हुए कहा कि मन प्रसन्नता से भरा हुआ है। राष्ट्रपति का जीवन प्रेरक है। उन्होंने जीवन की कठिन परिस्थितियों में विचलित हुए बिना स्थित प्रज्ञ रहकर लिपिक के पद से पार्षद, विधायक, मंत्री, राज्यपाल आदि बनते हुए देश के सर्वोच्च राष्ट्रपति पद तक पहुंचने में सफलता प्राप्त की।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed