सरकार के गोदामों में सड़ने लगी प्याज, अब मुफ्त बांटने की तैयारी
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मध्यप्रदेश में तो प्याज खरीदकर स्टोर करने में नाकाम रही सरकार ने अब उसे मुफ्त में बांटने का निर्णय लिया है। सरकार को डर है कि अगर यह प्याज बांटी नहीं गई तो पड़ी पड़ी सड़ जाएगी। सरकार के इस निर्णय से उसे 100 करोड़ से ज्यादा का फटका लगने का अंदेशा है लेकिन उसके पास इसके अलावा कोई चारा भी नहीं है।
टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के अनुसार मध्यप्रदेश में किसानों ने अच्छी कीमतों की चाह में प्याज का शानदार उत्पादन किया। पैदावार ज्यादा हुई तो सरकार ने खुद ही छह रुपये किलो के भाव से किसानों की प्याज खरीदने का निर्णय लिया।
छह रुपये किलो खरीदकर मुफ्त बांटेगी सरकार
जून में खुद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इसकी घोषणा की कि सरकार किसानों से छह रुपये किलो की दर से प्याज खरीदेगी। इसके बाद सरकारी एजेंसियों ने 10.4 लाख क्विंटल प्याज की खरीद की। लेकिन आनन फानन में की गई इस घोषणा में यह ख्याल नहीं रखा गया कि सरकार के पास इतनी बड़ी मात्रा में प्याज को स्टोर करने की क्षमता नहीं है।
नतीजतन बरसात के मौसम में प्याज के ढेर सड़ने शुरू हो गए। ऐसे में सरकार ने इस प्याज को खुले बाजार में बेचने का प्रयास किया लेकिन वहां दाम काफी कम मिले। जिसके बाद सरकार ने एक और अत्प्रत्याशित कदम उठाते हुए प्याज को मुफ्त में ही बांटने का निर्णय लिया।
सरकार फेयर प्राइस शॉप से इस प्याज को लोगों को मुफ्त बांटेगी। मध्यप्रदेश स्टेट कॉपरेटिव मार्केटिंग फडरेशन के सेल्स मैनेजर योगेश जोशी ने बताया कि केवल एक रुपये प्रति किलो मालभाड़ा के रूप में चुकाकर लोग प्याज ले सकेंगे।
