MP Election: नाथ बोले- मैंने दिग्विजय को गाली खाने की पॉवर ऑफ अटॉर्नी दी, दोनों नेताओं का दिखा मजाकिया अंदाज
मध्य प्रदेश कांग्रेस की पहली सूची के बाद टिकट विवाद को लेकर पूर्व सीएम कमलनाथ और दिग्विजय सिंह के बीच द्वंद्व सामने आने के कुछ देर बाद दोनों मजाकिया अंदाज में बातचीत करने सामने आए। वचन पत्र जारी करने से पहले कमलनाथ ने कहा कि मैंने दिग्विजय सिंह को मेरी तरफ से गाली खाने की पॉवर ऑफ अटॉर्नी दे दी है। वहीं, पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह बोले-गलती कौन कर रहा पता होना चाहिए।
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मध्य प्रदेश कांग्रेस ने नवरात्र के पहले दिन 144 प्रत्याशियों की पहली सूची जारी की। इसके बाद कई जगह विरोध और बगावत के मामले सामने आए। वहीं, भाजपा से कांग्रेस में शामिल होने वाले विधायक वीरेंद्र रघुवंशी को टिकट नहीं देने को लेकर कमलनाथ और दिग्विजय सिंह आमने-सामने आ गए। हालांकि, कुछ देर बाद ही दोनों वचन पत्र जारी करने एक मंच पर आए तो सारी तस्वीर साफ हो गई। दोनों एक दूसरे से हंसी मजाक करते हुए मिले। वचन पत्र जारी करने से पहले कमलनाथ ने कहा कि आपने सबसे पहले मुझसे सवाल किया कि दिग्विजय सिंह के कपड़े फाड़ने वाली बात को लेकर। कमलनाथ ने कहा कि यदि आपकी बात वह नहीं मानें तो आप भी उनके पकड़े फाड़ दो। इस पर दिग्विजय सिंह ने उनको टोकते हुए कहा कि भैया प्रत्याशियों के ए और बी फॉर्म पर दस्तखत किसके होते हैं? ये प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के होते हैं, तो भैया कपड़े किसके फटने चाहिए? दोनों के बीच इस संवाद को सुनकर लोगों ने भी ठहाके लगाए।
...तो हम विष पीएंगे-दिग्विजय सिंह
इसके आगे कमलनाथ ने कहा कि मेरे और दिग्विजय सिंह के संबंध पारिवारिक है। उन्होंने कहा कि मैंने दिग्विजय सिंह को बहुत पहले एक पॉवर ऑफ अटॉर्नी दी थी कि कमलनाथ के लिए आप गालियां खाएंगे। यह पॉवर ऑफ अटार्नी आज के दिन भी वैलिड है। इस पर दिग्विजय सिंह ने फिर उनको टोकते हुए कहा कि गलती कौन कर रहा है यह पता होना चाहिए। फिर कमलनाथ ने कहा कि मेरा इनसे पारिवारिक संबंध है। इस पर दिग्विजय सिंह ने कहा कि ये कह रहे हैं कि शंकर का काम है विष पीने का है तो हम विष पीएंगे।
दो मित्रों में मतभेद स्वाभाविक : दिग्विजय
दिग्विजय सिंह ने मजाकिया अंदाज में पीसीसी अध्यक्ष से रिश्तों को लेकर भी स्पष्ट बातें की। दिग्विजय सिंह ने कहा, 'कमलनाथ जी से मेरे पारिवारिक रिश्ते 1980 से हैं। हमारे बीच में कई बार कई मुद्दों पर मतभेद रहे हैं। दो मित्रों में मतभेद होना स्वाभाविक ही है, लेकिन मनभेद नहीं रहे।
सूची सामने आने के बाद द्वंद्व सामने आया
बता दें कमलनाथ और दिग्विजय सिंह के बीच विवाद की खबरें तब सामने आई, जब वीरेंद्र रघुवंशी के समर्थन कमलनाथ के सामने विरोध प्रदर्शन करने पहुंचे। यहां पर कमलनाथ ने उनको दिग्विजय सिंह और जयवर्धन सिंह के कपड़े फाड़ने की बात कह दी। इसका सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल हो गया। भाजपा ने भी वीडियो को लेकर तंज कसा। इसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने सोशल मीडिया पर लिखा कि जब परिवार बड़ा होता है तो सामूहिक सुख और सामूहिक द्वंद्व दोनों होते हैं। समझदारी यही कहती है कि बड़े लोग धैर्यपूर्वक समाधान निकालें। ईश्वर भी उन्हीं का साथ देते हैं जो मन और मेहनत का मेल रखते हैं। नर्मदे हर।
