‘कभी दवा, कभी पानी तो कभी शराब जहरीली’: सागर कांड पर राहुल गांधी का एमपी सरकार पर निशाना, क्या-क्या कहा?
सागर के बंडा में कथित जहरीली शराब से मौतों के बाद राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने अवैध शराब नेटवर्क पर कार्रवाई, निष्पक्ष जांच और बड़े जिम्मेदारों की जवाबदेही तय करने की मांग की।
विस्तार
मध्य प्रदेश के सागर जिले की बंडा तहसील में कथित जहरीली शराब पीने से हुई मौतों के मामले ने सियासी तूल पकड़ लिया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इस घटना को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर मध्य प्रदेश सरकार और प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि प्रदेश में ऐसी घटनाएं अब आम ढर्रा बन चुकी हैं। उन्होंने कहा कि पूरा मध्य प्रदेश जानता है कि इसके बाद क्या होगा- कुछ गिरफ्तारियां होंगी, निचले स्तर के अधिकारियों को निलंबित किया जाएगा और एक जांच समिति गठित कर दी जाएगी। इसके बावजूद अवैध और जहरीली शराब के नेटवर्क पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं होगी।
भारत की सबसे भ्रष्ट सरकार वाले राज्य मध्यप्रदेश में शासन नाम की कोई चीज़ बची ही नहीं।
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) September 8, 2026
जहरीली शराब ने प्रदेश के सागर में अनेक लोगों की जान लेकर उन सभी घरों में मातम पहुंचा दिया है। मगर पूरे मध्यप्रदेश को पता है आगे क्या होगा - कुछ गिरफ्तारियां होंगी, कुछ अधिकारी सस्पेंड होंगे,… https://t.co/Hy3ZuT3jEM
पुराने मामलों का दिया हवाला
राहुल गांधी ने प्रदेश में स्वास्थ्य और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कभी दवा, कभी पानी और कभी शराब जहरीली साबित हो रही है। इसके बावजूद पीड़ितों को न्याय मिलने के बजाय मामले फाइलों में दबकर रह जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि हर हादसे के बाद निचले स्तर के कर्मचारियों पर कार्रवाई कर दी जाती है, जबकि बड़े सिंडिकेट और जिम्मेदार शीर्ष अधिकारियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं होती।
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निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग
राहुल गांधी ने घटना में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि केवल रस्मी निलंबन तक कार्रवाई सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि अवैध शराब के पूरे नेटवर्क का पता लगाकर उसे खत्म किया जाना चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
जहरीली शराब कांड के बाद जिले में हड़कंप मचा हुआ है। स्थानीय प्रशासन ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं। वहीं, विपक्षी दलों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उच्चस्तरीय जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
