Khandwa: गोमांस ले जाने के शक में मारपीट, AIMIM ने गृहमंत्री को ट्वीट कर लगाए मॉब लिंचिंग के आरोप, कही यह बात
Khandwa News: मध्यप्रदेश के खंडवा जिले में बकरीद के दिन गोमांस के शक में हंगामा हो गया। विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने शहर के आनंद नगर क्षेत्र में दो लोगों को मांस के साथ पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने केस दर्ज कर जब्त मांस को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा है।
विस्तार
देश भर में गुरुवार को बकरा ईद का पर्व मनाया गया था। ऐसे में खंडवा जिले की रामेश्वर पुलिस चौकी में मुस्लिम युवकों पर गोवंश का मांस ले जाने का आरोप लगाते हुए कुछ युवकों ने रात में जमकर हंगामा किया। यहां के विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने शहर के आनंद नगर क्षेत्र में दो लोगों को पकड़कर रामेश्वर पुलिस चौकी में सौंपा। मोघट थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जब्त मांस को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा है, जिसकी कीमत 45 हजार रुपये बताई गई है।
बताया जा रहा है कि दो लोग करीब 30 किलो मांस लेकर जा रहे थे। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले में जांच की बात कह रही है। इधर, इसी मामले में ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएम की खंडवा इकाई ने एक ट्वीट कर मांस ले जा रहे लोगों के साथ मॉब लिंचिंग का आरोप लगाया है। इस मामले में एआईएमआईएम ने एक ट्वीट गृहमंत्री को टैग कर किया है, जिसके बाद मामला और गरमा गया है। एआईएमआईएम के ट्वीट के बाद मुस्लिम समाज भी एसपी से मिला और मारपीट करने वालों पर सख्त कार्रवाई किए जाने को लेकर ज्ञापन सौंपा। पुलिस ने मारपीट करने वाले लोगों पर भी केस दर्ज कर लिया है।
ये है मामला...
बकरा ईद के मौके पर गुरुवार देर शाम खंडवा के आनंद नगर से जा रहे दो मुस्लिम युवकों को हिंदू संगठन के लोगों ने गोमांस ले जाने के शक में रोका। वह थैले में मांस भरकर ले जा रहे थे। बताया जा रहा कि शहीद पिता गनी और शेख शादाब पिता शेख मुबारिक दोनों सिहाड़ा ग्राम के निवासी हैं, जिनके थैले से करीब 30 किलो मांस मिला है। इसके सैंपल लिए गए हैं, यह मांस गोवंश का है, या किसी अन्य मवेशी का ये जांच के बाद पता चलेगा। फिलहाल, पुलिस ने इन पर सामान्य धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया है।
बजरंग दल जिला संयोजक आदित्य मेहता ने बताया कि एक पिकअप वाहन और बाइक सवार गोमांस लेकर जा रहे थे। कार्यकर्ताओं ने पीछाकर बाइक सवार को पकड़ा। लेकिन पिकअप वाहन के साथ अन्य आरोपी भाग निकले। दो आरोपी को मांस के साथ पकड़ा है, जिन्हें पुलिस को सौंप दिया है। हमारी मांग है कि पुलिस आरोपियों पर सख्त कार्रवाई करे।
वहीं, इस घटना के बाद राजनीति भी गरमा गई। दरअसल, घटना से जुड़ा एक वीडियो ट्वीट कर ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएम की खंडवा इकाई ने एक ट्वीट किया है और इस घटना को मॉब लिंचिंग बताया है। ट्वीट में एआईएमआईएम ने लिखा है कि कल (गुरुवार) खंडवा में कुछ असामाजिक तत्वों ने पुलिस के सामने एक युवक से मारपीट की और गोवंश का झूठा आरोप लगाकर शहर का माहौल खराब करने का प्रयत्न किया। एआईएमआईएम ने यह ट्वीट मध्यप्रदेश के गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा को टैग कर कहा है कि इस वीडियो पर संज्ञान लेकर ऐसी कार्रवाई की जाए ताकि नजीर बन जाए, ऐसी घटना दोबारा न हो।
कल खण्डवा में असामाजिक तत्वों ने पुलिस के सामने एक युवक से मारपीट की और गोवंश का झूठा आरोप लगाकर शहर का माहौल खराब करने का प्रयत्न किया @drnarottammisra इस वीडियो पर संज्ञान लेकर ऐसी कार्यवाही करे की नजीर बन जाए ताकि दोबारा ऐसी घटना नही हो
— Aimim Khandwa (@AIMIMKHANDWA) June 30, 2023
नोट:- वीडियो पर संज्ञान ले ट्वीट पर नही pic.twitter.com/nEo3Z1PoWk
इस घटना के बाद मुस्लिम समाज ने भी अपनी आपत्ति जताई है। शहर काज़ी के साथ मुस्लिम समाज का एक प्रतिनिधि मंडल भी खंडवा एसपी से मिलने पहुंचा और इस पूरे मामले को संज्ञान में लेकर कार्रवाई की बात कही। शहर काजी सैय्यद निसार अली ने कहा कि कल एक अफवाह फैला कर षड्यंत्र रचा गया कि मुस्लिम समाज के लोग गोवंश लेकर जा रहे है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ संगठन के लोगों ने रोककर उनके साथ मॉब लिंचिंग की है। हमने एसपी से मुलाकात की है। ऐसे लोग शहर का माहौल ख़राब करना चाहते हैं। हम पूरे शहर के लोगों से निवेदन करना चाहते हैं कि ऐसे लोगों का बायकॉट करें। उन्होंने कहा कि किसी को भी कानून अपने हाथ में लेने का अधिकार नहीं है।
इधर, खंडवा एसपी सत्येंद्र कुमार शुक्ल ने जानकारी देते हुए बताया कि जो मांस है, उसका परीक्षण कराया था। लेकिन वेटरनरी डॉक्टर ने इसको लेकर किसी तरह का निष्कर्ष नहीं निकाला है। इसलिए उसको FSL का परीक्षण का कहा है। जो मांस है उसकी कोई रसीद नहीं है। रसीद नहीं होने से उसका जो परिवहन होता है तो उसकी जांच की जा रही है। उसमें प्राथमिक तौर पर एक केस दर्ज किया है। अब जैसे ही फॉरेंसिक रिपोर्ट आती है और अगर उसमें गोमांस होता है तो इसमें गोमांस की धाराओं में कार्रवाई की जाएगी। अगर वह गोमांस नहीं होता है तो सामान्य धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है। साथ ही उसमें जो परिवहन करने वाले लोग हैं, उनके साथ जो मारपीट हुई है उसमें भी एक प्रकरण दर्ज किया गया है।
