फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Jabalpur News ›   MP High Court Order to present details of meeting with Chief Secretary Motor Vehicle Act

MP High Court: मुख्य सचिव संग बैठक का ब्योरा पेश करने का आदेश,मोटर व्हीकल एक्ट के परिपालन मामले में कोर्ट सख्त

Tue, 06 Feb 2024 08:49 PM IST
अरविंद कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर Published by: अरविंद कुमार Updated Tue, 06 Feb 2024 08:49 PM IST
सार

मुख्य सचिव के साथ बैठक में निर्धारित रणनीति का ब्योरा पेश करने का आदेश दिया गया है। मोटर व्हीकल एक्ट के परिपालन मामले में कोर्ट ने सख्ती दिखाई है।

विज्ञापन
MP High Court Order to present details of meeting with Chief Secretary Motor Vehicle Act
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट, जबलपुर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मोटर व्हीकल एक्ट का परिपालन सुनिश्चित किए जाने की मांग करते हुए हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गयी थी। याचिका पर मंगलवार को हुई सुनवाई के दौरान सरकार की तरफ से बताया गया कि हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट, हेलमेट तथा सीट बेल्ट की अनिर्वायता सुनिश्चित करने के संबंध मुख्य सचिव ने संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की थी। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रवि विजय कुमार मलिमठ तथा जस्टिस विशाल मिश्रा की युगलपीठ ने बैठक में निर्धारित की गयी रणनीति के संबंध रिपोर्ट दोनों दिनों में पेश करने के आदेश जारी किये हैं।

विज्ञापन


विधि छात्रा ऐश्वर्या शांडिल्य की तरफ से सड़क दुर्घटना में हुई दो व्यक्तियों की मौत का हवाला देते हुए ग्वालियर हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गयी थी। चीफ जस्टिस के निर्देश पर उक्त याचिका सुनवाई के लिए मुख्य पीठ में स्थानांतरित की गयी थी। याचिका में कहा गया था कि दुर्घटना के समय दो पहिया वाहन चालक हेलमेट लगाए होते तो उनकी मौत नहीं होती। अधिकांश सड़क दुर्घटनाओं में गंभीर रूप से सिर में चोट आने के कारण दोपहिया वाहन सवारों की मौत होती है।
विज्ञापन


याचिका में कहा गया था कि सर्वाेच्च तथा उच्च न्यायालय ने दो पहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट की अनिर्वायता के संबंध में आदेश जारी किये हैं। मोटर व्हीकल एक्ट में भी हेलमेट लगाकर वाहन चलाने का प्रावधान है। चौपहिया वाहनों के लिए सीट बेल्ट लगाना तथा वाहनों में हाई सिक्योरिटी नम्बर प्लेट लगाना भी आवश्यक है, जिसका प्रदेश में पालन नहीं किया जाता है। मोटर व्हीकल एक्ट में दिये गये प्रावधानों का सख्ती से पालन किया जाये तो सड़क दुर्घटना में मौतों के ग्राफ में कमी आयेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


पूर्व में हुई सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने मोटर व्हीकल एक्ट का परिपालन निश्चित तौर पर किया जाने के आदेश जारी किए थे। आदेश का पालन नहीं होने पर युगलपीठ ने सरकार पर 25 हजार रुपये की कॉस्ट लगाई थी। सरकार के आग्रह पर वाहनों में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट, हेलमेट तथा सीट बेल्ट की अनिर्वायता का सुनिश्चित तौर पर परिपालन के लिए हाईकोर्ट ने 6 माह का समय प्रदान किया था। निर्धारित समय सीमा में आदेश का परिपालन नहीं होने के कारण हाईकोर्ट ने परिवहन आयुक्त तथा एडीजीपी पुलिस मुख्यालय को तलब करते हुए अवमानना के संबंध में उन्हें शोकॉज नोटिस जारी किये थे।


याचिकाकर्ता के अधिवक्ता अवधेश तोमर ने बताया कि मंगलवार को सुनवाई के दौरान सरकार की तरफ से बताया गया कि गत दिवस मुख्य सचिव ने संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की थी। बैठक में मोटर व्हीकल एक्ट के सख्ती से लागू किये जाने के संबंध में कार्ययोजना बनाई गयी है। सरकार ने कार्ययोजना के संबंध में रिपोर्ट पेश करने समय प्रदान करने का आग्रह किया। युगलपीठ ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि मोटर व्हीक्ल एक्ट का परिपालन करने जमीनी स्तर पर कोई कार्यवाही नहीं हो रही है। बैठक तथा कागजी कार्यवाही का ब्यौरा पेश किया जाता है। युगलपीठ ने सरकार को बैठक में निर्धारित रणनीति का ब्यौरा पेश करने के निर्देष जारी किये हैं। याचिका पर अगली सुनवाई आठ फरवरी को निर्धारित की है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed