फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Jabalpur News ›   Jabalpur Both bar associations are making efforts towards merger statement given by High Court

Jabalpur: दोनों बार एसोसिएशन विलय की दिशा में प्रयासरत, हाईकोर्ट में संघ अध्यक्षों की ओर से दिया गया बयान

Tue, 05 Sep 2023 08:05 AM IST
अरविंद कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर Published by: अरविंद कुमार Updated Tue, 05 Sep 2023 08:05 AM IST
सार

हाईकोर्ट एडवोकेट्स बार एसोसिएशन को स्टेट बार काउंसिल से मान्यता नहीं होने के बावजूद अवैधानिक रूप से कॉपिंग सेक्शन के सामने हाईकोर्ट द्वारा बड़ा हॉल आवंटित किया गया था। याचिका में मांग की गई थी कि हॉल को खाली कराया जाए।

विज्ञापन
Jabalpur Both bar associations are making efforts towards merger statement given by High Court
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट, जबलपुर - फोटो : Social Media

विस्तार

मध्यप्रदेश हाईकोर्ट एडवोकेट्स बार एसोसिएशन द्वारा बिना मान्यता के कार्यालय संचालन के मामले में दोनों संघों की ओर से कहा गया कि विलय की दिशा में प्रयासरत है। इस संबंध में आगामी छह सितंबर को दोनों बार के पदाधिकारियों की संयुक्त बैठक भी बुलाई गई है। उसमें जरूर ही कोई निष्कर्ष निकलेगा। चीफ जस्टिस रवि विजय मलिमठ और जस्टिस विशाल मिश्रा की युगलपीठ ने बात को रिकार्ड पर लेते हुए मामले की सुनवाई चार सप्ताह बाद निर्धारित की है।

विज्ञापन


गौरतलब है कि साल 2016 में अधिवक्ता अमित पटेल की ओर से यह याचिका दायर की गई थी, जिसमें आरोप था कि हाईकोर्ट एडवोकेट्स बार एसोसिएशन को स्टेट बार काउंसिल से मान्यता नहीं होने के बावजूद अवैधानिक रूप से कॉपिंग सेक्शन के सामने हाईकोर्ट द्वारा बड़ा हॉल आवंटित किया गया था। याचिका में मांग की गई थी इस हॉल को खाली कराया जाए।
विज्ञापन


याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता सतीश वर्मा ने न्यायालय को बताया था कि बार का बकाया बिजली बिल भी बहुत हो गया है, जिसका भुगतान नहीं किया गया। इसी मामले में दोनों संघों ने याचिका दायर कर बार का बिजली बिल सरकार से भराने की मांग की है। इसके अलावा एडवोकेट्स बार ने स्टेट बार काउंसिल से मान्यता दिलाने की मांग को लेकर भी याचिका दायर की है। सभी याचिकाओं पर एकसाथ सुनवाई हो रही है। सोमवार को हुई सुनवाई पश्चात् न्यायालय ने मामले की सुनवाई चार सप्ताह बाद निर्धारित की है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed