Indore Diarrhea Outbreak: भागीरथपुरा में कांग्रेस-भाजपा कार्यकर्ता भिड़े, तीन थानों की पुलिस ने संभाली स्थिति
Indore Contaminated Water Crisis : इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से मौतों के बाद कांग्रेस नेताओं के दौरे के दौरान कांग्रेस और भाजपा कार्यकर्ता आमने-सामने हो गए। काले झंडे और नारेबाजी से माहौल गरमा गया। पुलिस को हस्तक्षेप कर हालात संभालने पड़े और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को बस्ती से रवाना किया गया।
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इंदौर के भागीरथपुरा में कांग्रेस और भाजपा के कार्यकर्ता आमने-सामने हो गए। कांग्रेस नेता दूषित पानी पीने से मृत हुए लोगों के परिजनों से बस्ती में आए थे। वहां भाजपा कार्यकर्ता बस्ती वालों के साथ मिलकर काले झंडे दिखाने लगे और वापस जाओ-वापस जाओ के नारे लगाने लगे। इस मामले में दो कांग्रेस विधायक, पूर्व मंत्री सहित 20 से ज्यादा नेता गिरफ्तार हुए है।
अचानक विरोध से नाराज कांग्रेस नेता भी नारेबाजी करने लगे। विवाद की स्थिति बनने के बाद पुलिस को मोर्चा संभालना पड़ा और गुत्थमगुत्था हो रहे कार्यकर्ताओं को अलग-अलग किया। एक घंटे तक हंगामे के हालत बने। प्रदर्शनकारियों में बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं। महिला कांग्रेस अध्यक्ष रीना बौरासी, कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे, पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा विरोध के बीच कुछ परिजनों से मिले। कांग्रेसियों पर चप्पल और चुडि़यां भी फेंकी गई।
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पुलिस ने संभाला मोर्चा
बाद में पुलिस जवानों ने सख्ती दिखाकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं को बस्ती से रवाना किया। हंगामे की स्थिति को देखते हुए तीन थानों का पुलिस बल मौके पर आ गया था।
दो विधायक सहित 20 से ज्यादा नेता गिरफ्तार
भागीरथपुरा में कांग्रेस की जांच कमेटी में शामिल विधायक महेश परमार , विधायक प्रताप ग्रेवाल और पूर्व विधायक सज्जन सिंह वर्मा सहित 20 से ज्यादा कांग्रेस नेताओं को गिरफ्तार कर पुलिस ने जेल भेज दिया।
वर्मा बोले- ये गुंडागर्दी है
पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने कहा कि कांग्रेस ने एक जांच कमेटी बनाई है। हम दूषित पानी से मृत लोगों के परिजनों से मिलने गए थे, लेकिन भाजपा अपनी काली करतूत छिपाना चाहती है। गुंडागर्दी पर उतरे भाजपा कार्यकर्ता हमारा विरोध कर रहे थे। हमें काले झंडे दिखाए गए। लोकतंत्र में इस तरह का विरोध विपक्ष की आवाज दबाने की कोशिश है।
