{"_id":"6aa83319951b8c9016057b01","slug":"indore-anant-chaturdashi-jhanki-route-preparations-light-health-teams-2026-09-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंदौर: 8 हजार हैलोजन लाइटों से जगमगाएगा झांकियों का रास्ता, 14 मेडिकल टीमें रहेंगी तैनात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इंदौर: 8 हजार हैलोजन लाइटों से जगमगाएगा झांकियों का रास्ता, 14 मेडिकल टीमें रहेंगी तैनात
Tue, 15 Sep 2026 06:16 AM IST
Arjun Richhariya
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: Arjun Richhariya
Updated Tue, 15 Sep 2026 06:16 AM IST
सार
इंदौर में अनंत चतुर्दशी की भव्य झांकियों की तैयारियां तेज हो गई हैं। नगर निगम 8000 से अधिक हैलोजन लाइटें लगाने, सड़कें सुधारने और केबल जाल हटाने में जुटा है। स्वास्थ्य विभाग ने भीड़ के दौरान त्वरित प्राथमिक उपचार के लिए 14 मेडिकल टीमें तैनात की हैं।
विज्ञापन
पिछले साल की झांकियों का दृश्य।
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल, इंदौर
विस्तार
इंदौर में अनंत चतुर्दशी के पावन अवसर पर निकलने वाली पारंपरिक झांकियों को लेकर तैयारियां बेहद तेज हो गई हैं। इस भव्य आयोजन में शामिल होने के लिए इंदौर और प्रदेश ही नहीं, बल्कि देशभर से लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं। विदेशों में रहने वाले लोग भी ऑनलाइन माध्यमों से झांकियों के इस खूबसूरत कारवां को देखते हैं। भीड़ और आयोजन की भव्यता को ध्यान में रखते हुए स्थानीय प्रशासन, जनप्रतिनिधि और सभी संबंधित विभाग पूरी तरह सक्रिय हो चुके हैं। वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी लगातार झांकी मार्ग का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं। सरकारी विभागों को उनकी जिम्मेदारी सौंप दी गई है और सभी कार्यों को समय सीमा के भीतर पूरा करने के कड़े निर्देश दिए गए हैं।
मार्ग सुधार, पेड़ों की छंटाई और 8000 से अधिक हैलोजन लाइटें
कार्यकारी महापौर राजेंद्र राठौर के अनुसार नगर निगम का अमला सड़कों की मरम्मत और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने में दिन-रात जुटा हुआ है। ड्रेनेज लाइनों के निर्माण के लिए खोदी गई सड़कों को दुरुस्त किया जा रहा है और बदहाल रास्तों पर तेजी से पैचवर्क का कार्य चल रहा है। सुरक्षा की दृष्टि से विशेषकर डीआरपी लाइन क्षेत्र में सड़क किनारे मौजूद खतरनाक पेड़ों के हिस्सों की छंटाई की जा रही है ताकि किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके। पूरे झांकी मार्ग, प्रमुख चौराहों और संपर्क मार्गों को जगमगाने के लिए 8,000 से ज्यादा हैलोजन लाइटें लगाई जा रही हैं, जिसका जिम्मा अलग-अलग फर्मों को सौंपा गया है। इसके अलावा मार्ग में बाधा बन रहे लटकते केबलों के जाल को हटाने का अभियान भी सोमवार से प्रारंभ किया जा रहा है।
14 मेडिकल टीमें तैनात और आसपास के अस्पताल अलर्ट मोड पर
विशाल जनसमूह को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने भी अपनी तैयारी पूरी कर ली है। आपात स्थिति में मरीज को अस्पताल तक पहुंचाने में समय न लगे, इसलिए झांकी मार्ग पर 14 मेडिकल टीमें तैनात रहेंगी। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधव प्रसाद हसानी ने बताया कि प्रशासनिक निर्देशों के तहत ये टीमें आवश्यक दवाओं और प्राथमिक उपचार की सुविधाओं से लैस होंगी। चक्कर, घबराहट, डिहाइड्रेशन, ब्लड प्रेशर में बदलाव, कमजोरी या मामूली चोट जैसी समस्याओं का इलाज मौके पर ही किया जाएगा। गंभीर परिस्थितियों से निपटने के लिए मार्ग के पास स्थित शशि हॉस्पिटल, वर्मा नर्सिंग होम, हुकुमचंद, गोकुलदास, अर्पण और सिटी नर्सिंग होम को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे जरूरत पड़ने पर मरीजों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
मार्ग सुधार, पेड़ों की छंटाई और 8000 से अधिक हैलोजन लाइटें
कार्यकारी महापौर राजेंद्र राठौर के अनुसार नगर निगम का अमला सड़कों की मरम्मत और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने में दिन-रात जुटा हुआ है। ड्रेनेज लाइनों के निर्माण के लिए खोदी गई सड़कों को दुरुस्त किया जा रहा है और बदहाल रास्तों पर तेजी से पैचवर्क का कार्य चल रहा है। सुरक्षा की दृष्टि से विशेषकर डीआरपी लाइन क्षेत्र में सड़क किनारे मौजूद खतरनाक पेड़ों के हिस्सों की छंटाई की जा रही है ताकि किसी अप्रिय घटना से बचा जा सके। पूरे झांकी मार्ग, प्रमुख चौराहों और संपर्क मार्गों को जगमगाने के लिए 8,000 से ज्यादा हैलोजन लाइटें लगाई जा रही हैं, जिसका जिम्मा अलग-अलग फर्मों को सौंपा गया है। इसके अलावा मार्ग में बाधा बन रहे लटकते केबलों के जाल को हटाने का अभियान भी सोमवार से प्रारंभ किया जा रहा है।
विज्ञापन
14 मेडिकल टीमें तैनात और आसपास के अस्पताल अलर्ट मोड पर
विशाल जनसमूह को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने भी अपनी तैयारी पूरी कर ली है। आपात स्थिति में मरीज को अस्पताल तक पहुंचाने में समय न लगे, इसलिए झांकी मार्ग पर 14 मेडिकल टीमें तैनात रहेंगी। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधव प्रसाद हसानी ने बताया कि प्रशासनिक निर्देशों के तहत ये टीमें आवश्यक दवाओं और प्राथमिक उपचार की सुविधाओं से लैस होंगी। चक्कर, घबराहट, डिहाइड्रेशन, ब्लड प्रेशर में बदलाव, कमजोरी या मामूली चोट जैसी समस्याओं का इलाज मौके पर ही किया जाएगा। गंभीर परिस्थितियों से निपटने के लिए मार्ग के पास स्थित शशि हॉस्पिटल, वर्मा नर्सिंग होम, हुकुमचंद, गोकुलदास, अर्पण और सिटी नर्सिंग होम को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे जरूरत पड़ने पर मरीजों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया जा सके।
विज्ञापन
