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EVM: दिग्विजयसिंह बोले भाजपा को पहले पता चल जाता है कितनी सीटें मिलेंगी, वीवीपैट पर्चियों से कराएं काउंटिंग
Wed, 03 Jan 2024 07:19 PM IST
अर्जुन रिछारिया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: अर्जुन रिछारिया
Updated Wed, 03 Jan 2024 07:19 PM IST
सार
दिग्विजयसिंह ने ईवीएम से वोटिंग की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए। कहा मतदान के बाद पर्ची देखने का नागरिकों को भी अधिकार है। पर्ची से करवाएं काउंटिंग।
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दिग्विजयसिंह
- फोटो : अमर उजाला, इंदौर
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विस्तार
इंदौर में पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजयसिंह ने हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने EVM से वोटिंग की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए कहा कि मतदान की गणना वीवीपैट की पर्ची से ही होना चाहिए। वोटिंग ईवीएम से ही होना चाहिए लेकिन वोटिंग के बाद जो पर्ची वीवीपैट में डलती है उसे लोगों के हाथ में ही देना चाहिए। जिन लोगों ने मतदान किया है वही एक अलग बॉक्स में उस पर्ची को डालें। इसमें गलत क्या है। यह देश के 90 करोड़ मतदाताओं का अधिकार है। पेटी में डाली गई पर्चियों की काउंटिंग करें और फिर उससे चुनाव परिणाम घोषित किए जाएं।
हमें पर्ची देखने का पूरा अधिकार
पूर्व सीएम ने आगे कहा कि हमें वीवीपैट में कुछ मत दिखाइए लेकिन जो पर्ची छपी है वो हमारे हाथ में दे दीजिए। उसे हम देख लेंगे। वोट करने के बाद एक मतपेटी में डाल देंगे। इसके बाद मतपेटी में डाली गई स्लीप की काउंटिंग कर दीजिए।
इंदौर आए दिग्विजयसिंह ने बुधवार सुबह ईवीएम हटाओ देश बचाओ, लोकतंत्र बचाओ लिखते हुए ट्वीट भी किया। इसमें उन्होंने चुनाव आयोग पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने ट्वीट किया कि निर्वाचन आयोग विपक्ष की बैठक में बाधा क्यों डाल रहा है? हम उस चुनाव आयोग पर कैसे भरोसा करें जो प्रमुख विपक्षी दलों से मिलने से ही इनकार करता है? आयोग और अधिक पारदर्शी क्यों नहीं हो सकता। उन्होंने पूछा कि अगर यह इतना सुरक्षित है कि कोई भी इसे हैक या हेरफेर नहीं कर सकता है तो सार्वजनिक डोमेन में चिप पर सोर्स कोड क्यों नहीं ला सकता है।
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सॉफ्टवेयर की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए
दिग्विजयसिंह ने इंदौर में पत्रकारों से चर्चा के दौरान कहा कि कोई सॉफ्टवेयर बिल्कुल इस प्रकार का हो सकता है कि दिखे कुछ और छपे कुछ। दिग्विजय ने आईआईटी दिल्ली के छात्र और पूर्व केंद्रीय मंत्री के बेटे द्वारा किए गए प्रयोग का हवाला भी दिया। कहा कि इस छात्र के पिता केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं। उन्होंने प्रयोग किया है। हम जब बटन दबाते हैं तो दिखता तो वही चुनाव चिह्न है लेकिन छपता कुछ और है।
भाजपा पहले से बता देती है कितनी सीटें मिलेंगी
दिग्विजय ने कहा भाजपा को पहले से कैसे पता चल जाता है कि कितनी सीटें मिलेंगी। गुजरात चुनाव 2012 में कहा कि बहुमत मिलेगा और 2014 में सरकार बन गई। 2019 में कहा कि 300 पार सीटें लाएंगे, 303 मिल गई।
राम लला की मूर्ति पर दिग्विजय का बड़ा बयान
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने राम लला की नई मूर्ति को लेकर भी बयान दिया। जब उनसे मीडिया ने सवाल किया कि 22 जनवरी को होने वाले राम लला के प्राण प्रतिष्ठा के कार्यक्रम का उन्हें न्योता मिला है? इस पर उन्होंने कहा कि मुझे किसी न्योते की जरूरत नहीं है, हमारे ह्रदय में भगवान बसे हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि राम लला की मूर्ति पर सारा झगड़ा हुआ, वो मूर्ति कहा है? वह मूर्ति स्थापित क्यों नहीं हुई। नई मूर्ति की आवश्यकता क्या पड़ी?
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हमें पर्ची देखने का पूरा अधिकार
पूर्व सीएम ने आगे कहा कि हमें वीवीपैट में कुछ मत दिखाइए लेकिन जो पर्ची छपी है वो हमारे हाथ में दे दीजिए। उसे हम देख लेंगे। वोट करने के बाद एक मतपेटी में डाल देंगे। इसके बाद मतपेटी में डाली गई स्लीप की काउंटिंग कर दीजिए।
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इंदौर आए दिग्विजयसिंह ने बुधवार सुबह ईवीएम हटाओ देश बचाओ, लोकतंत्र बचाओ लिखते हुए ट्वीट भी किया। इसमें उन्होंने चुनाव आयोग पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने ट्वीट किया कि निर्वाचन आयोग विपक्ष की बैठक में बाधा क्यों डाल रहा है? हम उस चुनाव आयोग पर कैसे भरोसा करें जो प्रमुख विपक्षी दलों से मिलने से ही इनकार करता है? आयोग और अधिक पारदर्शी क्यों नहीं हो सकता। उन्होंने पूछा कि अगर यह इतना सुरक्षित है कि कोई भी इसे हैक या हेरफेर नहीं कर सकता है तो सार्वजनिक डोमेन में चिप पर सोर्स कोड क्यों नहीं ला सकता है।
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सॉफ्टवेयर की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए
दिग्विजयसिंह ने इंदौर में पत्रकारों से चर्चा के दौरान कहा कि कोई सॉफ्टवेयर बिल्कुल इस प्रकार का हो सकता है कि दिखे कुछ और छपे कुछ। दिग्विजय ने आईआईटी दिल्ली के छात्र और पूर्व केंद्रीय मंत्री के बेटे द्वारा किए गए प्रयोग का हवाला भी दिया। कहा कि इस छात्र के पिता केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं। उन्होंने प्रयोग किया है। हम जब बटन दबाते हैं तो दिखता तो वही चुनाव चिह्न है लेकिन छपता कुछ और है।
भाजपा पहले से बता देती है कितनी सीटें मिलेंगी
दिग्विजय ने कहा भाजपा को पहले से कैसे पता चल जाता है कि कितनी सीटें मिलेंगी। गुजरात चुनाव 2012 में कहा कि बहुमत मिलेगा और 2014 में सरकार बन गई। 2019 में कहा कि 300 पार सीटें लाएंगे, 303 मिल गई।
राम लला की मूर्ति पर दिग्विजय का बड़ा बयान
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने राम लला की नई मूर्ति को लेकर भी बयान दिया। जब उनसे मीडिया ने सवाल किया कि 22 जनवरी को होने वाले राम लला के प्राण प्रतिष्ठा के कार्यक्रम का उन्हें न्योता मिला है? इस पर उन्होंने कहा कि मुझे किसी न्योते की जरूरत नहीं है, हमारे ह्रदय में भगवान बसे हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि राम लला की मूर्ति पर सारा झगड़ा हुआ, वो मूर्ति कहा है? वह मूर्ति स्थापित क्यों नहीं हुई। नई मूर्ति की आवश्यकता क्या पड़ी?
