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Gwalior News: सिंधिया महल के सामने की सड़क फिर धंसी, नजर आई रियासत कालीन चार फीट चौड़ी सुरंग
Fri, 12 Sep 2025 08:34 PM IST
ग्वालियर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ग्वालियर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ग्वालियर
Published by: ग्वालियर ब्यूरो
Updated Fri, 12 Sep 2025 08:34 PM IST
सार
ग्वालियर के नदी गेट चौराहे पर शुक्रवार को 15 फीट गहरी और 4 फीट चौड़ी सड़क धंस गई, जिसमें सुरंग जैसी संरचना दिखी। यह पुराना नाला या स्वर्णरेखा नदी का मार्ग हो सकता है। चेतकपुरी सहित कई जगह सड़क धंसने की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे नगर निगम पर नाराजगी बढ़ी है।
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सड़क धंसने के बाद दिखी सुरंग
विस्तार
शुक्रवार दोपहर को शहर के नदी गेट चौराहे पर एक बार फिर सड़क धंस गई। मुख्य चौराहे पर 15 फीट गहरी और 4 फीट चौड़ी सुरंग सामने आई है। स्थानीय लोगों के अनुसार यह रियासत काल का पुराना नाला हो सकता है। दूसरी संभावना यह है कि यह स्वर्ण रेखा नदी का पुराना जल प्रवाह मार्ग हो सकता है।
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सुरंग की गहराई इतनी है कि इसका अंतिम छोर नहीं देखा जा सकता। इससे पहले चेतकपुरी रोड पर भी सड़क धंसने की घटना सामने आ चुकी है। नदी गेट चौराहे पर सड़क में बने इस गड्ढे को लेकर स्थानीय निवासियों में नगर निगम के प्रति नाराजगी है। यह स्थिति शहर की खराब होती सड़कों की स्थिति को दर्शाती है।
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चेतकपुरी जैसी एक नहीं कई सड़कें धंस रही हैं। बस कार्रवाई सिर्फ चेतकपुरी रोड की घटना पर ही नगर निगम के अफसर कर पाए हैं। शहर की तीनों विधानसभा में आए दिन कोई न कोई मुख्य सड़कों के धंसने की तस्वीरें सामने आ रही हैं। ये वे सड़कें हैं, जहां पर अमृत प्रोजेक्ट वित्त आयोग की राशि से सीवर और पानी की लाइनें डाली जा रही है।
सड़कों के धंसने के बाद भी जनकार्य विभाग के मैदानी इंजीनियरों का इस ओर ध्यान नहीं है। शहरवासी खुद हादसे से बचने के लिए गड्ढों में कहीं पेड़ों की झाड़ियां, तो कहीं पर टीन शेड की चादरों को डाल रहे हैं। बारिश के दौरान फूलबाग चौपाटी से लेकर कुलदीप नर्सरी तक स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज पाइप लाइन डाली गई थी। इसके बाद सड़क बनाई गई, जो धंस गई थी। मामले में चार इंजीनियरों को निलंबित किया गया था।

सड़क धंसने के बाद दिखी सुरंग
