एमपी: व्यापम घोटाले में उमा का नाम
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मध्य प्रदेश कांग्रेस ने व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापम) घोटाले में आरोप लगाए हैं कि जांच के लिए बनाया गया विशेष कार्यबल (एसटीएफ) अब भी निष्पक्ष जांच नहीं कर रहा है।
कांग्रेस ने कॉल डिटेल्स जारी करते हुए दावा किया कि ये वही कॉल डिटेल्स हैं जिनके आधार पर छानबीन और जांच की गई है, और इनमें कई प्रमुख नेताओं के नंबरों से बात की गई है।
कांग्रेस प्रवक्ता ने दावा किया कि इन कॉल डिटेल्स में उमा भारती से लेकर आरएसएस नेता सुरेश सोनी तक के प्रमुख नेताओं के नाम हैं। कांग्रेस प्रवक्ता ने यह सवाल भी उठाया कि मुख्यमंत्री हाउस से किस महिला ने कॉल किए हैं।
कॉल डिटेल्स के सोर्स की नहीं दी जानकारी
कांग्रेस प्रवक्ता केके मिश्रा ने एक प्रेस कांफ्रेंस लेकर कॉल डिटेल्स की एक सूची तो जारी की है लेकिन यह खुलासा नहीं किया कि ये कॉल डिटेल्स कहां से हासिल किए गए हैं।
कांग्रेस ने जो प्रेस नोट जारी किया है वह भी बहुत सारी बातों का खुलासा नहीं करता। उसमें नाम नहीं दिए गए हैं।
कांग्रेस ने घोटाले के प्रमुख आरोपियों के कॉल डिटेल्स का जिक्र तो किया लेकिन यह नहीं बताया कि ये किन-किन के फोन नंबरों के कॉल डिटेल हैं।
हाईकोर्ट की निगरानी में चल रही है जांच
हाईकोर्ट की निगरानी में पूरे मामले की जांच एसटीएफ कर रहा है और हाल ही में इस बारे में पूर्व मंत्री लक्ष्मीकांत शर्मा की गिरफ्तारी हुई है। हाईकोर्ट की फटकार के बाद एसटीएफ ने और भी कई आरोपियों की गिरफ्तारियां की हैं।
उमा भारती का नाम एक ऐसे समय लिया गया है, जब वे रविवार को भोपाल पहुंच रही हैं। पहले भी अपना नाम आने के बाद उमा भारती ने काफी नाराजगी जाहिर की थी और डीजीपी नंदन दुबे को उनके पास जाकर सफाई देनी पड़ी थी। बल्कि उन्हें प्रेस को बताना पड़ा था कि उमा भारती की इस मामले में कोई भूमिका नहीं है।
मुख्यमंत्री ने कहा है कि पूरे मामले में दूध का दूध और पानी का पानी किया जाएगा। खजुराहो में विधायकों की बैठक ले रहे गृहमंत्री व पार्टी अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री ने सही दिशा में जांच को आगे बढ़वाया है।
