Bhopal News: आईजी इंटेलीजेंस से दो मोबाइल लूटने वाले दो बदमाश धराए, तीसरे आरोपी और एक मोबाइल की तलाश
भोपाल की चार इमली कॉलोनी में आईजी इंटेलीजेंस डॉ. आशीष के दो मोबाइल बाइक सवार बदमाश लूटकर फरार हो गए। पुलिस ने दो आरोपियों को पकड़ लिया और एक मोबाइल दुर्गानगर से बरामद किया, जबकि दूसरा मोबाइल व तीसरा आरोपी अभी फरार हैं। मोबाइल में कई गोपनीय जानकारियां होने से हड़कंप मचा।
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राजधानी भोपाल के सबसे पॉश और हाईप्रोफाइल कॉलोनी चार इमली में प्रदेश के आईजी इंटेलीजेंस से दो मोबाइल लूटने वाले तीन बदमाशों में से दो बदमाशों को भोपाल पुलिस ने पकड़ लिया है। बदमाशों ने एक मोबाइल चूनाभट्टी थाना क्षेत्र के दुर्गा नगर में फेंक दिया था, जो पुलिस ने बरामद कर लिया, जबकि दूसरा मोबाइल अपने साथ ले गए थे। लूट में तीन बदमाश शामिल थे। पुलिस को लूट के बाद भागते हुए बदमाशों का सीसीटीसी फुटेज भी मिल गया है। फुटेज के आधार पर आधा दर्जन बदमाशों से पुलिस सख्ती से पूछताछ कर रही है। लूट में शामिल तीसरे बदमाश और आईजी के एक मोबाइल की अभी तलाश की जा रही है।
हबीबगंज एसीसी उमेश तिवारी ने बताया कि डॉ. आशीष आईजी इंटेलजेंस के पद पर पदस्थ हैं। मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात वह खाना खाने के बाद चार इमली में टहल रहे थे। तभी बाइक सवार तीन बदमाश आए और पुलिस अधिकारी के दो मोबाइल झपट्टा मारकर छीन लिए थे। पुलिस सूत्रों के अनुसार घटना के समय आईजी के साथ उनकी धर्मपत्नी भी थीं। हालांकि अधिकारियों ने इसकी पुष्टि नहीं की है। पुलिस के अनुसार आईजी इंटेलीजेंस डॉ. आशीष एक मोबाइल हाथ में लिए हुए थे, जबकि दूसरा मोबाइल दूसरे हाथ से कान में लगाकर बात कर रहे थे। बाइक सवार बदमाश उनका पीछा करते हुए आए और दोनों बदमाशों ने एक साथ उनके दोनों हाथ से मोबाइल लूटकर बाइक में बैठकर एकांत पार्क की तरफ भागे थे।
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मोबाइल में थीं कई अहम गोपनीय जानकारियां
आईजी के साथ हुई लूट के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया, क्योंकि आईजी इंटेलीजेंस के साथ पूरे प्रदेश के कानून-व्यवस्था के साथ इनपुट की जानकारी होती है। आईजी डॉ. आशीष के मोबाइल इसलिए भी बहुत महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि वह सिर्फ सामान्य अधिकारी के मोबाइल नहीं हैं। उनके मोबाइल में पूरे प्रदेश के अपराध संबंधी गुप्त जानकारियां थीं, जो उन्हें जिलों के पुलिस अधीक्षकों और जोन के विशेष शाखा के पुलिस अधीक्षक भेजते हैं। इसके अलावा आगे की कार्य योजना सहित ऐसी कई गोपनीय जानकारियां होती हैं, जिनके बाहर आने से खलबची मच सकती हैं।
रात भर सर्चिंग के बाद मिले दो बदमाश
घटना के बाद पुलिस के आला अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और भोपाल क्राइम ब्रांच के साथ नए शहर के आधा दर्जन पुलिस थानों के प्रभारियों को अलग-अलग टीम के साथ बदमाशों की धरपकड़ का जिम्मा सौंपा गया था। पुलिस की आधा दर्जन टीमें रात भर सर्चिंग के बाद आधा दर्जन संदिग्धों को पकड़कर पूछताछ की तो लूट के संदिग्ध दो बदमाशों के संबंध में पता चल गया। पुलिस लूट के दो मुख्य संदेहियों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। जबकि लूट में शामिल तीसरे आरोपी की अभी तलाश की जा रही है।
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एक मोबाइल दुर्गानगर के पास फेंका
आईजी इंटेलीजेंस से बदमाशों ने एक नहीं दो मोबाइल लूटे थे। एक मोबाइल को बदमाशों ने दुर्गा नगर के पास फेंक दिया था, जिसे पुलिस ने आज सुबह सर्चिंग के दौरान बरामद कर लिया, जबकि एक मोबाइल अभी भी नहीं मिला है। पुलिस आईजी के दूसरे मोबाइल की तलाश कर रही है। आईजी इंटेलीजेंस के साथ लूट की इस वारदात के बाद पुलिस मुख्यालय भी भोपाल पुलिस की कार्यप्रणाली से खफा बताया जा रहा है। क्योंकि जिस स्थान पर लूट हुई है, उस चार इमली में प्रदेश के पुलिस महानिदेशक, एक डिप्टी सीएम, प्रदेश सरकार के दर्जन भर से अधिक कैबिनेट मिनिस्टर, दर्जन भर से अधिक विभागों के प्रमुख सचिव/अपर मुख्य सचिव सहित प्रदेश सरकार के तमाम शीर्ष अधिकारी रहते हैं।
