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Weather news: प्रदेश के 16 जिलों में दर्ज हुई बारिश, नदी-नाले उफान पर, ग्वालियर में 8वीं तक की 2 दिन की छुट्टी
Thu, 12 Sep 2024 08:50 PM IST
संदीप तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: संदीप तिवारी
Updated Thu, 12 Sep 2024 08:50 PM IST
सार
प्रदेश में गुरुवार को 16 से अधिक जिलों में बारिश दर्ज की गई। लगातार हो रही बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं वहीं लगभग सभी डैम फुल हैं। सीएम डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को आपात बैठक लेकर आधिकारियों को निर्देशित किया है।
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भोपाल की बारिश
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
प्रदेश में 3 सिस्टम- मानसून ट्रफ, साइक्लोनिक सर्कुलेशन और लो प्रेशर एरिया की वजह से हो रही बारिश दौर जारी है गुरुवार को 16 से अधिक जिलों में बारिश दर्ज की गई। लगातार हो रही बारिश से नदी नाले उफने पर हैं वहीं लगभग सभी डैम फुल हैं। इधर राजधानी भोपाल में गुरुवार को हल्की बारिश हुई हालांकि मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार बारिश दर्ज नहीं की गई। ग्वालियर क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश को देखते हुए 13 और 14 सितंबर को 8वीं कक्षा तक के स्कूलों में छुट्टी घोषित की गई है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि एक-दो दिन बाद प्रदेश में मानसून कमजोर पड़ेगा।
जाने कहां कितनी हुई बारिश
मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार गुरुवार को प्रदेश में दमोह में सबसे ज्यादा बारिश सवा इंच रिकॉर्ड की गई। वहीं बालाघाट के मलाजखंड, शिवपुरी और ग्वालियर में आधा इंच से ज्यादा पानी गिरा। भोपाल, बैतूल गुना, पचमढ़ी, खजुराहो, मंडला, सागर, सतना, टीकमगढ़, शाजापुर, आगर-मालवा, देवास में भी हल्की बारिश हुई। एमपी में अब कोटे से ज्यादा बारिश हो चुकी है। प्रदेश में होने लगातार बारिश को लेकर गुरुवार को मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने आपात बैठक बुलाई और भारी बारिश से निपटने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
प्रदेश के नदी और बांधों की स्थिति
टीकम गढ़ में धसान नदी में फंसे दो लोगों को 24 घंटे बाद सुरक्षित बचा लिया गया। उज्जैन से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वीडियो कॉल पर उनसे बात की। भिंड में क्वांरी, सांक और सिंध नदी खतरे के निशान पर बह रही हैं। 50 गांवों में अलर्ट है। नर्मदापुरम में नर्मदा नदी खतरे के निशान से 7 फीट नीचे बह रही है। इंदिरा सागर बांध के 12, ओंकारेश्वर बांध के 11 गेट और मड़ीखेड़ा डैम के 4 गेट से पानी छोड़ा जा रहा है। भोपाल में केरवा के 3, कलियासोत के 2 और भदभदा का 1 गेट खुला है। इधर ग्वालियर में पिछले 24 घंटे के भीतर 8 इंच पानी गिर गया। इसे मिलाकर अब यहां 40 इंच से ज्यादा पानी गिर गया है। वहीं, शिवपुरी में 4 इंच, नौगांव में सवा 4 इंच बारिश दर्ज की गई है। भोपाल में करीब ढाई इंच पानी बरसा है।
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13 सितंबर को ऐसा रहेगा प्रदेश का मौसम
मध्य प्रदेश मौसम विभाग द्वारा जारी अलर्ट के अनुसार 13 सितंबर शुक्रवार को ग्वालियर, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, विदिशा, सागर, दमोह, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, रीवा और मऊगंज में भारी बारिश हो सकती है। वहीं शिवपुर, मुरैना, भिंड और दतिया में भारी बारिश का अरेंज अलर्ट जारी किया गया। जबकि अलीराजपुर झाबुआ धार और बड़वानी में तेज धूप निकल सकती है। भोपाल, उज्जैन, जबलपुर समेत अन्य जिलों में हल्की बारिश और गलत चमक की स्थिति रह सकती है।
एक-दो दिन बाद कमजोर होगा मौसम
मौसम विभाग के सीनियर वैज्ञानिक वेद प्रकाश ने बताया कि प्रेशर एरिया अब डिप्रेशन में बदल गया है। मानसून ट्रफ भी डिप्रेशन से गुजर रहा है। दक्षिण गुजरात के ऊपर एक चक्रवाती घेरा बना है। इन तीन सिस्टम की वजह से बारिश का दौर बना हुआ है। अगले 24 घंटे के दौरान कुछ जिलों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। हालांकि एक-दो दिन बाद बारिश में गिरावट देखी जाएगी उसके बाद एक सिस्टम और एक्टिव होगा जो फिर से एक बार प्रदेश भर में बारिश कराएगा।
सामान्य बारिश का आंकड़ा पार, जाने कहां कितनी हुई बारिश
लगातार हो रही भारी बारिश से मध्य प्रदेश में सामान्य बारिश का आंकड़ा पार हो गया है। औसत 37.3 इंच के मुकाबले 39.1 इंच बारिश हो चुकी है। सबसे ज्यादा बारिश मंडला जिले में 54.64 इंच हुई है। दूसरे नंबर पर सिवनी जिला है। यहां अब तक 53 इंच पानी गिर चुका है। 24 घंटे में ही यहां 4-4 इंच पानी बरस गया। भोपाल, सागर, श्योपुर और छिंदवाड़ा में 47 इंच, डिंडौरी, रायसेन-नर्मदापुरम में 46 इंच, बालाघाट में 45 इंच से अधिक बारिश हुई। सबसे कम रीवा क्षेत्र में बारिश दर्ज की गई है।
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जाने कहां कितनी हुई बारिश
मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार गुरुवार को प्रदेश में दमोह में सबसे ज्यादा बारिश सवा इंच रिकॉर्ड की गई। वहीं बालाघाट के मलाजखंड, शिवपुरी और ग्वालियर में आधा इंच से ज्यादा पानी गिरा। भोपाल, बैतूल गुना, पचमढ़ी, खजुराहो, मंडला, सागर, सतना, टीकमगढ़, शाजापुर, आगर-मालवा, देवास में भी हल्की बारिश हुई। एमपी में अब कोटे से ज्यादा बारिश हो चुकी है। प्रदेश में होने लगातार बारिश को लेकर गुरुवार को मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने आपात बैठक बुलाई और भारी बारिश से निपटने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
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प्रदेश के नदी और बांधों की स्थिति
टीकम गढ़ में धसान नदी में फंसे दो लोगों को 24 घंटे बाद सुरक्षित बचा लिया गया। उज्जैन से मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वीडियो कॉल पर उनसे बात की। भिंड में क्वांरी, सांक और सिंध नदी खतरे के निशान पर बह रही हैं। 50 गांवों में अलर्ट है। नर्मदापुरम में नर्मदा नदी खतरे के निशान से 7 फीट नीचे बह रही है। इंदिरा सागर बांध के 12, ओंकारेश्वर बांध के 11 गेट और मड़ीखेड़ा डैम के 4 गेट से पानी छोड़ा जा रहा है। भोपाल में केरवा के 3, कलियासोत के 2 और भदभदा का 1 गेट खुला है। इधर ग्वालियर में पिछले 24 घंटे के भीतर 8 इंच पानी गिर गया। इसे मिलाकर अब यहां 40 इंच से ज्यादा पानी गिर गया है। वहीं, शिवपुरी में 4 इंच, नौगांव में सवा 4 इंच बारिश दर्ज की गई है। भोपाल में करीब ढाई इंच पानी बरसा है।
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13 सितंबर को ऐसा रहेगा प्रदेश का मौसम
मध्य प्रदेश मौसम विभाग द्वारा जारी अलर्ट के अनुसार 13 सितंबर शुक्रवार को ग्वालियर, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, विदिशा, सागर, दमोह, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, रीवा और मऊगंज में भारी बारिश हो सकती है। वहीं शिवपुर, मुरैना, भिंड और दतिया में भारी बारिश का अरेंज अलर्ट जारी किया गया। जबकि अलीराजपुर झाबुआ धार और बड़वानी में तेज धूप निकल सकती है। भोपाल, उज्जैन, जबलपुर समेत अन्य जिलों में हल्की बारिश और गलत चमक की स्थिति रह सकती है।
एक-दो दिन बाद कमजोर होगा मौसम
मौसम विभाग के सीनियर वैज्ञानिक वेद प्रकाश ने बताया कि प्रेशर एरिया अब डिप्रेशन में बदल गया है। मानसून ट्रफ भी डिप्रेशन से गुजर रहा है। दक्षिण गुजरात के ऊपर एक चक्रवाती घेरा बना है। इन तीन सिस्टम की वजह से बारिश का दौर बना हुआ है। अगले 24 घंटे के दौरान कुछ जिलों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। हालांकि एक-दो दिन बाद बारिश में गिरावट देखी जाएगी उसके बाद एक सिस्टम और एक्टिव होगा जो फिर से एक बार प्रदेश भर में बारिश कराएगा।
सामान्य बारिश का आंकड़ा पार, जाने कहां कितनी हुई बारिश
लगातार हो रही भारी बारिश से मध्य प्रदेश में सामान्य बारिश का आंकड़ा पार हो गया है। औसत 37.3 इंच के मुकाबले 39.1 इंच बारिश हो चुकी है। सबसे ज्यादा बारिश मंडला जिले में 54.64 इंच हुई है। दूसरे नंबर पर सिवनी जिला है। यहां अब तक 53 इंच पानी गिर चुका है। 24 घंटे में ही यहां 4-4 इंच पानी बरस गया। भोपाल, सागर, श्योपुर और छिंदवाड़ा में 47 इंच, डिंडौरी, रायसेन-नर्मदापुरम में 46 इंच, बालाघाट में 45 इंच से अधिक बारिश हुई। सबसे कम रीवा क्षेत्र में बारिश दर्ज की गई है।
