फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bhopal News ›   Dispute between officers and MLAs is increasing: After Dindori, Chachaura... it is Bhind's turn, if officers a

बढ़ रही अफसर-विधायकों में तकरार:डिंडौरी, चाचौड़ा...के बाद भिंड की बारी,अफसर नहीं सुन रहे तो माननीय हो रहे उग्र

Thu, 28 Aug 2025 07:07 AM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: आनंद पवार Updated Thu, 28 Aug 2025 07:07 AM IST
सार

मध्य प्रदेश में अफसरों और जनप्रतिनिधियों के बीच टकराव लगातार बढ़ते जा रहे हैं। हाल ही में भिंड में कलेक्टर और विधायक आमने-सामने आ गए। इससे पहले डिंडौरी, चाचौड़ा और पिछोर में भी भाजपा विधायक कलेक्टर और एसपी से भिड़ चुके हैं। इन घटनाओं ने सरकार और प्रशासन के रिश्तों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

विज्ञापन
Dispute between officers and MLAs is increasing: After Dindori, Chachaura... it is Bhind's turn, if officers a
भिंड कलेक्टर के बंगले के बाहर मुक्का बताते विधायक नरेंद्र कुशवाह - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

मध्य प्रदेश में अफसरों और जनप्रतिनिधियों के बीच टकराव की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। भिंड में कलेक्टर के विधायक को उंगली दिखाने पर विधायक द्वारा कलेक्टर पर मुट्ठी तानने तक ही स्थिति बन गई। इससे पहले भाजपा के तीन अन्य डिंडौरी, चाचौड़ा और पिछोर विधायक भी जिलों के कलेक्टर और एसपी से आमने-सामने आ चुके हैं। कहीं कलेक्टर पर जनसुनवाई नहीं करने और विकास कार्य रोकने के आरोप लगे हैं तो कहीं एसपी पर मनमानी के मामले में शिकायत की गई। ऐसे में प्रदेश में लगातार अधिकारियों और भाजपा विधायकों के साथ हो रही घटनाओं ने उनके आपसी संबंधों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  MP News: प्रेमानंद महाराज और जगद्गुरु रामभद्राचार्य विवाद के बीच बाबा बागेश्वर की एंट्री, जानें क्या कहा?
विज्ञापन

 
डिंडौरी: कलेक्टर पर जनसुनवाई नहीं करने का आरोप 
डिंडौरी जिले में जनजातीय कार्य विभाग के सैकड़ों शिक्षकों और छात्रावास अधीक्षकों के तबादले किए गए। भाजपा विधायक ओमप्रकाश धुर्वे ने आरोप लगाया कि कलेक्टर नेहा मारव्या ने इन तबादलों में नियमों की अनदेखी की। विधायक के विरोध और कोर्ट में मामला जाने के बाद सरकार ने इन तबादलों पर रोक भी लगा दी। यहीं नहीं विधायक ने कलेक्टर पर आदिवासी लोगों की जनसुनवाई में सुनवाई नहीं करने और उनको भटकाने के आरोप लगाए। साथ ही कहा कि कलेक्टर विकास के कोई काम नहीं कर रही हैं। यहां इनको मुर्गा और बकरा खाने नहीं भेजा है। उन्होंने मामले की सीएम को शिकायत करने की बात कही। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  MP: 'भारत ने कभी युद्ध की शुरुआत नहीं की', महू में राजनाथ सिंह बोले- चुनौती मिली तो देंगे करारा जवाब

चाचौड़ा: महिला विधायक ने एसपी पर लगाया प्रताड़ना का आरोप
गुना जिले की चाचौड़ा से भाजपा विधायक प्रियंका पेंची ने पुलिस अधीक्षक अंकित सोनी पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि एसपी अपनी मनमानी कर रहे हैं। जिले में अपनी मनमर्जी से तबादले कर रहे हैं, जनप्रतिनिधि होने के नाते उनकी राय तक नहीं ली जा रही हैं। उन्होंने कहा कि उलटे उनको मानसिक प्रताड़ना दी जा रही है। हालांकि, मीडिया के सामने उन्होंने मानसिक प्रताड़ना की बात से इंकार कर दिया था और विपक्ष पर उनके मामले को बड़ा चढ़ाकर बताने का आरोप लगाया था। विधायक ने अधिकारी के खिलाफ सीएम को पत्र लिखकर शिकायत की थी। 


ये भी पढ़ें-  Ujjain News: सीएम बोले- देश की आध्यात्मिक ऊर्जा का केंद्र उज्जैन और इस ऊर्जा के मूल आधार हैं बाबा महाकाल

पिछोर: एसपी को हटाने के खिलाफ खोला मोर्चा 
उधर, पिछोर से भाजपा विधायक प्रीतम लोधी ने शिवपुरी एसपी अमन सिंह राठौड़ के खिलाफ मोर्चा खोल दिया था। उन्होंने उन पर भाजपा कार्यकर्ताओं को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया। उन्होंने एसपी पर एक जाति विशेष के लोगों के पक्ष में काम करने का भी आरोप लगाया। विधायक ने एसपी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा था कि उनके फोन की टैपिंग भी एसपी करा रहे हैं। उन्होंने यहां तक कहा था कि जब जब एसपी पिछोर आएंगे उनको काले झंडे दिखाकर विरोध किया जाएगा।

ये भी पढ़ें-  MP Politics : Jitu Patwari के बयान पर सियासत के बीच आए आंकड़े, जानें क्या है हकीकत? | BJP | Congress

पचमढ़ी का प्रशिक्षण भी नहीं आ रहा काम 
भाजपा ने अपने नेताओं और जनप्रतिनिधियों के बयान और जनता के बीच आचरण को लेकर पचमढ़ी में प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया था। इस शिविर में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह शामिल हुए थे। उन्होंने पार्टी के मंत्री, विधायक, सांसदों और संगठन के पदाधिकारियों और जिम्मेदार पदों पर बैठे नेताओं को अपने आचरण और वक्तव्यों में सावधानी रखने की सीख दी थी, लेकिन भिंड में कलेक्टर और विधायक के बीच ताजा तकरार के वीडियो से उस पर अमल होता दिख नहीं रहा है। 

ये भी पढ़ें-  MP News: मध्य प्रदेश टमाटर उत्पादन में देश में पहले स्थान पर, सब्जी उत्पादन में तीसरा सबसे बड़ा राज्य

सरकार और प्रशासन में समन्वय की कमी 
वरिष्ठ पत्रकार अरुण दीक्षित ने कहा कि ये सब घटनाएं सामने आ रही हैं, इसका कारण बड़ा स्पष्ट है कि सरकार और प्रशासन में समन्वय ही नहीं है। यदि सरकार की तरफ से अफसरों को संदेश हो कि हमारे जनप्रतिनिधियों से कैसे बातचीत करना है तो ऐसी नौबत ही नहीं आए। इसके अलावा  ऐसी घटनाएं यह भी बताती हैं कि सरकार की पकड़ कमजोर है। इसलिए नौकरशाह हावी हो रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed