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Bhopal: परसेंटेज बेसिस पर जारी रिजल्ट से संतुष्ट नहीं है अभ्यर्थी, MPESB पहुंचकर अभ्यर्थियों ने किया प्रदर्शन
Mon, 19 May 2025 05:23 PM IST
संदीप तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: संदीप तिवारी
Updated Mon, 19 May 2025 05:23 PM IST
सार
कर्मचारी चयन मंडल आयोग (MPESB) द्वारा जारी किए गए रिजल्ट से अभ्यर्थी संतुष्ट नहीं हैं। सोमवार को प्रदेश भर के अभ्यर्थी कर्मचारी चयन मंडल आयोग (MPESB) कार्यालय के बाहर पहुंचकर जमकर हंगामा किया। उनका कहना है।
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MPESB कार्यालय के बाहर प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कर्मचारी चयन मंडल आयोग (MPESB) द्वारा जारी किए गए रिजल्ट से अभ्यर्थी संतुष्ट नहीं हैं। सोमवार को प्रदेश भर के अभ्यर्थी कर्मचारी चयन मंडल आयोग (MPESB) कार्यालय के बाहर पहुंचकर जमकर हंगामा किया। उनका कहना है। परसेंटेज बेसिस पर हमको मालूम नहीं चल रहा है हमने क्या-क्या गलती की है जिसकी वजह से हमारा सिलेक्शन नहीं हुआ,वन विभाग की एक परीक्षा में अभियार्थी को 100 में से 101 परसेंट मिले हैं।
परसेंटाइल मार्क्स की आड़ में धोखा देना बंद करें
अभ्यर्थियों ने मांग की है कि परसेंटाइल मार्क्स की आड़ में धोखा देना बंद किया जाए और नॉर्मलाइज्ड मार्क्स भी दिखाए जाएं। वहीं कुछ छात्रों ने यह भी कहा कि सरकार ने 1200 पद खाली हैं। लेकिन 660 पोस्ट निकाले, उसमें सिर्ल 32 पद लड़कों के लिए भीख जैसी डाल दी। दरअसल, परसेंटेज बेसिस पर रिजल्ट घोषित करने पर अभ्यर्थी संतुष्ट हैं। उनका कहना है कि परसेंटेज बेसिस पर मालूम नहीं चल रहा है उन्होंने क्या-क्या गलती की है। जिसकी वजह से सिलेक्शन नहीं हुआ। वन विभाग की एक परीक्षा में अभ्यर्थी को 100 में से 101 परसेंट मिले हैं।
यह भी पढ़ें-सीएम डॉ. यादव बोले-कर्मचारियों की कर्तव्यनिष्ठा से ही प्रदेश बना अग्रणी राज्य
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नॉर्मलाइज्ड मार्क्स दिखने चाहिए
रौशनी विश्वकर्मा ने कहा कि उन्हें क्लियर रिजल्ट दिया जाए। इन लोगों की मनमर्जी अब नहीं चलेगी। पहले सिर्फ नाम बता दिया जाता था। लेकिन अब नॉर्मलाइज्ड मार्क्स दिखने चाहिए जैसा रेलवे बोर्ड करता है। प्रदर्शनकारी छात्रों ने इस दौरान महिला पर्यवेक्षक पदों में वृद्धि की भी मांग की।
यह भी पढ़ें-पीएम मोदी 31 मई को आएंगे एमपी, भोपाल में देवी अहिल्या के जन्मोत्सव के कार्यक्रम में करेंगे सहभागिता
32 पद लड़कों के लिए भीख की तरह डाल दिए
इसी तरह एक छात्र ने कहा कि 1200 पद खाली हैं। 660 पोस्ट में से सिर्फ 32 पद लड़कों के लिए भीख की तरह डाल दिए। सिर्फ पैसा कमाने के लिए सरकार यह कर रही है। यह सब बंद किया जाए”
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परसेंटाइल मार्क्स की आड़ में धोखा देना बंद करें
अभ्यर्थियों ने मांग की है कि परसेंटाइल मार्क्स की आड़ में धोखा देना बंद किया जाए और नॉर्मलाइज्ड मार्क्स भी दिखाए जाएं। वहीं कुछ छात्रों ने यह भी कहा कि सरकार ने 1200 पद खाली हैं। लेकिन 660 पोस्ट निकाले, उसमें सिर्ल 32 पद लड़कों के लिए भीख जैसी डाल दी। दरअसल, परसेंटेज बेसिस पर रिजल्ट घोषित करने पर अभ्यर्थी संतुष्ट हैं। उनका कहना है कि परसेंटेज बेसिस पर मालूम नहीं चल रहा है उन्होंने क्या-क्या गलती की है। जिसकी वजह से सिलेक्शन नहीं हुआ। वन विभाग की एक परीक्षा में अभ्यर्थी को 100 में से 101 परसेंट मिले हैं।
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नॉर्मलाइज्ड मार्क्स दिखने चाहिए
रौशनी विश्वकर्मा ने कहा कि उन्हें क्लियर रिजल्ट दिया जाए। इन लोगों की मनमर्जी अब नहीं चलेगी। पहले सिर्फ नाम बता दिया जाता था। लेकिन अब नॉर्मलाइज्ड मार्क्स दिखने चाहिए जैसा रेलवे बोर्ड करता है। प्रदर्शनकारी छात्रों ने इस दौरान महिला पर्यवेक्षक पदों में वृद्धि की भी मांग की।
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32 पद लड़कों के लिए भीख की तरह डाल दिए
इसी तरह एक छात्र ने कहा कि 1200 पद खाली हैं। 660 पोस्ट में से सिर्फ 32 पद लड़कों के लिए भीख की तरह डाल दिए। सिर्फ पैसा कमाने के लिए सरकार यह कर रही है। यह सब बंद किया जाए”
