समाजवाद के बाद जनेश्वर मिश्र के नाम से चलने वाली योजनाओं का भी नाम बदलेगी योगी सरकार
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समाजवादी नाम से संचालित योजनाओं का नाम बदलने के बाद सरकार समाजवादी नेता रहे जनेश्वर मिश्र के नाम से चलने वाले पुरस्कारों के नाम बदलने की तैयारी कर रही है। शासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सपा सरकार में हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग विभाग की दो योजनाएं जनेश्वर मिश्र के नाम से चल रही थीं।
इनमें जनेश्वर मिश्र पावरलूम उद्योग का विकास योजना और जनेश्वर मिश्र राज्य हथकरघा पुरस्कार शामिल हैं। इसके अलावा मुख्यमंत्री हथकरघा बुनकर सम्मान योजना चल रही थी। पावरलूम उद्योग योजना से 1330 पावरलूम बुनकर, मुख्यमंत्री सम्मान योजना में 3270 हथकरघा बुनकर और हथकरघा पुरस्कार योजना में 42 हथकरघा बुनकर लाभ पाते हैं।
नई सरकार ने इन योजनाओं को जारी रखने का फैसला किया है और इसके लिए बजट भी आवंटित किया है। लेकिन अब ये योजनाएं नए नाम के साथ ही आगे बढ़ेंगी।
अधिकारी ने बताया कि जनेश्वर मिश्र राज्य हथकरघा पुरस्कार योजना का नाम बदलकर पंडित दीनदयाल उपाध्याय राज्य हथकरघा पुरस्कार योजना करने पर सहमति बन चुकी है। बाकी दोनों योजनाओं के नाम बदलने पर भी विचार हो रहा है।
बुनकरों की जरूरत के लिए अलग से फीडर स्थापित करने की योजना
प्रदेश सरकार ने बुनकरों को बिजली आपूर्ति के लिए अलग से फीडर स्थापित करने की योजना का भी एलान किया है। इसके लिए पांच करोड़ रुपये दिए गए हैं। शासन ने ये स्वतंत्र फीडर गोरखपुर व मेरठ में स्थापित करने का फैसला किया है। यह रकम पावर कॉर्पोरेशन को उपलब्ध कराने की कार्यवाही चल रही है।
वस्त्रोद्योग की नई नीति बनाने का काम शुरू
सरकार ने वस्त्रोद्योग विभाग को 2014 में बनाई गई नीति की जगह नई नीति बनाने का निर्देश दिया है। विभाग ने इस संबंध विचार-विमर्श की कार्यवाही शुरू कर दी है।