मुख्यमंत्री योगी ने की प्लास्टिक उन्मूलन अभियान की शुरुआत, खुद उठाया सड़कों पर पड़ा कूड़ा
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर बुधवार को राज्य सरकार ने प्रदेश भर में ‘सिंगल यूज प्लास्टिक’ के उपयोग के खिलाफ कार्यक्रम आयोजित किए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हजरतगंज स्थित गांधी प्रतिमा से कालिदास मार्ग चौराहे तक पदयात्रा करके प्लास्टिक उन्मूलन अभियान की शुरुआत की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने खुद सड़कों पर फैला कूड़ा उठाया।
इसके बाद नगर निगम की ओर से 1090 चौराहे पर आयोजित ‘प्लास्टिक वेस्ट संग्रह श्रमदान’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने लोगों से सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल पूरी तरह खत्म करने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के उद्देश्यों को पूरा करने में प्लास्टिक सबसे बड़ी बाधा है।
प्लास्टिक का उपयोग जहां कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी की वजह बनता है, वहीं गाय आदि को मौत के द्वार तक पहुंचाता है। इसलिए सभी को मिलकर धरती के इस प्लास्टिक रूपी ‘रक्तबीज’ का वध करने के लिए आगे आना चाहिए।
पांच वर्षों में जनआंदोलन बन गया स्वच्छता
योगी ने कहा कि बापू के मूल मंत्रों में स्वच्छता, स्वदेशी, ग्राम स्वराज शामिल थे। इसलिए उनकी 150वीं जयंती पर विश्व के 120 देशों में स्वच्छता को लेकर कार्यक्रम किए जा रहे हैं। महात्मा गांधी से प्रेरित होकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पांच साल पहले स्वच्छ भारत मिशन की शुरुआत की थी, जो आज देश में एक जन आंदोलन बन गया है।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में उपस्थित मंत्रियों, अधिकारियों व नागरिकों को प्लास्टिक का उपयोग न करने की शपथ दिलाई। इस अवसर पर नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन, जलशक्ति मंत्री महेंद्र सिंह, विधि मंत्री ब्रजेश पाठक, महापौर संयुक्ता भाटिया, विधायक नीरज बोरा व अविनाश त्रिवेदी, प्रमुख सचिव नगर विकास मनोज कुमार सिंह, सचिव अनुराग यादव, डीएम कौशलराज शर्मा व नगर आयुक्त इंद्रमणि त्रिपाठी मौजूद थे।
राज्यपाल व मुख्यमंत्री ने गाई रामधुन
इसके बाद मुख्यमंत्री योगी ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के साथ हजरतगंज स्थित गांधी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और वहां बैठकर बापू के प्रिय भजन ‘रघुपति राघव राजा राम’ का गायन किया। इसके बाद दोनों ने गांधी आश्रम पहुंचकर चरखा चलाया और शास्त्री भवन में लालबहादुर शास्त्री की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए।